Share Market Crash: अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध की आंच में कच्चा तेल उबल पड़ा। घरेलू बेंचमार्क इंडेक्सेज सेंसेक्स और निफ्टी धड़ाम हो गए। एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank) समेत दो और दिग्गज प्राइवेट बैंकों की गिरावट पर सेंसेक्स 700 प्वाइंट्स से अधिक टूट गया तो निफ्टी 50 भी फिसलकर 24150 के नीचे आ गया। हालांकि ब्रोडर लेवल पर रौनक दिखी और मिडकैप स्पेस में अधिक। निफ्टी मिडकैप 100 में आधे फीसदी से अधिक बढ़त आई तो निफ्टी स्मॉलकैप 100 में भी तेजी आई।
इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो हफ्ते के पहले कारोबारी दिन आज सेंसेक्स (Sensex) 442.93 प्वाइंट्स यानी 0.57% की कमजोरी के साथ 77,708.52 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 95.80 प्वाइंट्स यानी 0.39% की गिरावट के साथ 24,238.50 पर बंद हुआ है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 783.16 प्वाइंट्स गिरकर 77,368.29 और निफ्टी 198.45 प्वाइंट्स फिसलकर 24,135.8 तक आ गया था।
Share Market Crash: ये है वजह
अमेरिकी सेना ने लगातार नौवें दिन ईरान पर हमला किया। इससे होर्मुज जलडमरूमध्य से होने वाली शिपिंग को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं। इसने मार्केट पर दबाव बनाया।
अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध की आंच बढ़ी तो कच्चा तेल उबल पड़ा। वैश्विक बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड प्रति बैरल उछलकर $90 के पार पगुंच गया। इससे भारत जैसे तेल के आयात पर निर्भर देशों में चिंताएं बढ़ गईं।
प्राइवेट सेक्टर के बैंकिंग शेयरों में बिकवाली
सेक्टरवाइज आज प्राइवेट बैंकों ने मार्केट पर तगड़ा दबाव बनाया। सेंसेक्स के टॉप 4 लूजर में मारुति को छोड़ बाकी तीन प्राइवेट सेक्टर के बैंक हैं तो इसका निफ्टी इंडेक्स 2% से अधिक कमजोर हुआ है। मारुति आज सेंसेक्स पर तीसरा सबसे बड़ा लूजर रहा। हालांकि मार्केट को इस गिरावट से उबारने के लिए सरकारी बैंकों और फार्मा सेक्टर ने काफी कोशिश की। निफ्टी पीएसयू बैंक आज ढाई फीसदी से अधिक तो निफ्टी फार्मा करीब डेढ़ फीसदी मजबूत हुआ है।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।