Share Market Crash: अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक स्तर पर पहुंचा तो कच्चा तेल उबल पड़ा। इसकी आंच में एशियाई मार्केट झुलस गया और घरेलू मार्केट में भी बिकवाली की आंधी चलने लगी। इस दबाव में सेंसेक्स 359 प्वाइंट्स टूट गया तो निफ्टी भी फिसलकर 24000 के करीब आ गया। ब्रोडर लेवल पर भी बिकवाली का दबाव तेज है और निफ्टी स्मॉलकैप 100 और निफ्टी मिडकैप 100 आधे-आधे फीसदी से अधिक टूट गए। फिलहाल 09:51 AM पर सेंसेक्स (Sensex) 358.64 प्वाइंट्स यानी 0.46% की गिरावट के साथ 76,905.87 और निफ्टी (Nifty) 140.45 प्वाइंट्स यानी 0.58% की फिसलन के साथ 24,035.20 पर है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 394.92 प्वाइंट्स फिसलकर 76,869.59 और निफ्टी 156.10 प्वाइंट्स गिरकर 24,019.55 तक आ गया था।
Share Market Crash: ये है वजह
अमेरिका और ईरान के बीच खतरनाक तनाव
एक बार फिर अमेरिका ने होर्मुज स्ट्रेट में ईरान पर जमकर बमबारी की है। अमेरिका ने ईरान के लारक द्वीप पर हमला कर वहां मौजूद दो मिसाइल लॉन्चरों को निशाना बनाया है। इसके बाद ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने जवाबी कार्रवाई करते हुए जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागने का दावा किया है। यह करीब एक महीने में अमेरिका की ईरान के खिलाफ पहली मिलिट्री एक्शन है। इससे स्टॉक मार्केट में घबराहट बढ़ी है।
अमेरिका और ईरान में एक बार तनाव बढ़ा तो कच्चा तेल उबल पड़ा। वैश्विक ऑयल बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड रॉकेट की स्पीड से करीब 5% उछलकर प्रति बैरल $90 के पार पहुंच गया। इस उबाल में स्टॉक मार्केट झुलस गया।
मार्केट की घबराहट को मापने वाले वोलैटिलिटी इंडेक्स इंडिया विक्स में उछाल से मार्केट को सपोर्ट मिला। फिलहाल यह 4.19% की बढ़त के साथ 11.13 पर है। इसके अधिक होने का मतलब शॉर्ट टर्म में वोलैटिलिटी बढ़ने की आशंका और कम होने का मतलब शॉर्ट टर्म में उठा-पटक कम होने की संभावना है।
मेटल और आईटी स्टॉक्स की तेज पिटाई
प्राइवेट बैंकिंग शेयरों की खरीदारी भी मार्केट को संभाल नहीं पा रहा। इसका निफ्टी इंडेक्स आधा फीसदी से ऊपर चढ़ा है और फिलहाल इसी सेक्टर का निफ्टी इंडेक्स ग्रीन है। मार्केट पर आज मेटल और आईटी स्टॉक्स ने तेज दबाव बनाया है। निफ्टी मेटल 2% से अधिक तो निफ्टी आईटी 1% से अधिक कमजोर हुआ है।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।