शुक्रवार, 8 मई को शेयर बाजार लगातार दूसरे दिन लाल है। खुलते ही सेंसेक्स पिछली क्लोजिंग से लगभग 553 अंक टूट गया। इन कुछ पलों में ही निवेशकों की दौलत से 52200 करोड़ रुपये से ज्यादा साफ हो गए। अमेरिका-ईरान के बीच हमले फिर शुरू होने और कच्चे तेल की कीमत में फिर उछाल आने से बाजार में गिरावट आई है। विदेशी संस्थागत निवेशकों की सेलिंग भी एक वजह है। शुक्रवार को सेंसेक्स लाल निशान में 77,631.94 पर खुला। तुरंत ही यह पिछली क्लोजिंग से 552.8 अंक टूटकर 77,291.72 के लो तक गया। इसी तरह निफ्टी भी गिरावट के साथ 24,233.65 पर खुला और फिर लगभग 168.5 अंक टूटकर 24,158.15 के लो तक गया।
इन कुछ पलों में ही निवेशकों की दौलत से 52200 करोड़ रुपये से ज्यादा साफ हो गए। गुरुवार, 7 मई को मार्केट बंद होने पर सेंसेक्स पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप 4,74,65,307.725 करोड़ रुपये रहा था। शुक्रवार को मार्केट खुलने के कुछ ही पलों के अंदर यह घटकर 4,74,13,082.08 करोड़ रुपये से भी नीचे चला गया। यानि कि 52,225.645 करोड़ रुपये की कमी।
एक दिन पहले गुरुवार को सेंसेक्स 114 अंक या 0.15 प्रतिशत टूटकर 77,844.52 पर बंद हुआ था। निफ्टी 4.30 अंक या 0.02 प्रतिशत के मामूली नुकसान के साथ 24,326.65 पर बंद हुआ था। बीएसई मिडकैप सेलेक्ट सूचकांक 1.40 प्रतिशत चढ़ा, जबकि स्मॉलकैप सूचकांक में 1.09 प्रतिशत की बढ़त रही।
अमेरिकी बाजार गुरुवार को लाल निशान में बंद हुए। यूरोपीय बाजारों में भी गिरावट है। भारत के अलावा अन्य एशियाई बाजारों में भी शुक्रवार को गिरावट है। हेंग सेंग 1 प्रतिशत से ज्यादा टूटा है। कॉस्पी और ताइवान वेटेड में 0.7 प्रतिशत की गिरावट है।
8 मई को शुरुआती कारोबार में रुपया 36 पैसे टूटकर 94.58 प्रति डॉलर हो गया। एक दिन पहले अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया 27 पैसे की बढ़त के साथ 94.22 प्रति डॉलर पर बंद हुआ था। ब्रेंट क्रूड और अमेरिकी डॉलर सूचकांक के अपने ऊपरी स्तर से नीचे आने से रुपये को सपोर्ट मिला था। लेकिन अब कच्चे तेल की कीमत में फिर से उबाल है।
शुक्रवार को तेल की कीमतों में 1 प्रतिशत से ज्यादा की बढ़ोतरी देखने को मिली। अमेरिका और ईरान के बीच फिर से लड़ाई छिड़ने से पहले से ही नाजुक चल रहा युद्ध विराम खतरे में पड़ गया है। इससे तेल-गैस के ट्रांसपोर्ट के लिए अहम समुद्री मार्ग स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने की दिशा में होने वाली प्रगति की उम्मीदें भी खत्म हो गईं। रॉयटर्स के मुताबिक, ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स 1.41 डॉलर या 1.41 प्रतिशत बढ़कर 101.47 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) U.S. क्रूड फ़्यूचर्स 1.12 डॉलर या 1.18 प्रतिशत बढ़कर 95.93 डॉलर प्रति बैरल हो गया।
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