शेयर बाजार में पिछले 6 हफ्तों से लगातार गिरावट जारी है। इसकी सबसे बड़ी वजह मानी जा रही है अमेरिकी टैरिफ। भारत अब दुनिया में सबसे ऊंचे अमेरिकी टैरिफ का सामना करने वाले देशों में से एक बन गया है। ट्रंप प्रशासन ने पहले से लागू 25% टैरिफ के ऊपर अतिरिक्त 25% आयात शुल्क लगा दिया है। यानी अब कुल टैरिफ 50% प्रतिशत हो गया है। लेकिन ब्रोकरेज फर्म नुवामा की मानें तो शेयर बाजार के सामने अमेरिकी टैरिफ से बड़ी एक और चुनौती है, और वो है ग्लोबल मंदी। नुवामा ने चेतावनी दी है कि ऊंचे टैरिफ तो चोट पहुंचाएंगे ही, लेकिन असली और बड़ी चोट आने वाले ग्लोबल स्लोडाउन से होगी।
