Stock market Outlook : गुरुवार को सेंसेक्स और निफ्टी लगभग सपाट बंद हुए। अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने और मॉनेटरी पॉलिसी को और सख्त करने के संकेत के बाद बाजार में सावधानी का माहौल रहा। कच्चे तेल की ऊंची कीमतों का भी बाजार के सेंटीमेंट पर असर पड़ा। इंट्राडे में हुई बढ़त को गंवाते हुए सेंसेक्स 21.86 अंक या 0.03 प्रतिशत गिरकर 74,314.59 पर बंद हुआ। दिन के दौरान यह 341.11 अंक या 0.45 प्रतिशत बढ़कर 74,677.56 पर पहुंच गया था। वहीं, निफ्टी मामूली बढ़त के साथ 5.3 अंक या 0.02 प्रतिशत ऊपर 23,270.60 पर बंद हुआ।
पिछले पांच हफ्तों में लगभग 6 प्रतिशत की गिरावट के बाद कल निफ्टी लगातार दूसरे सेशन में हरे निशान में रहा। इस बढ़त का कारण कुछ खास सेक्टर में ओवरसोल्ड'लेवल से आई शॉर्ट-कवरिंग को बताया जा रहा है। कच्चे तेल की ऊंची कीमतों और फेड द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने के बाद बाजार में सतर्कता का रुख देखने को मिल रहा है।
बाजार जानकारों का कहना है कि अगर निफ्टी 23,400 के लेवल से ऊपर जाता है तो इसमें और शॉर्ट-कवरिंग देखने को मिल सकती है।
मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज में टेक्निकल रिसर्च के वाइस प्रेसिडेंट रुचित जैन का कहना है कि निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस 23,400 और 23,600 के आसपास दिख रहा है। किसी भी टिकाऊ तेजी के लिए इंडेक्स को पहले इन्हें पार करना होगा।
SBI सिक्योरिटीज में टेक्निकल और डेरिवेटिव्स रिसर्च के हेड सुदीप शाह ने कहा कि निफ्टी के लिए 23,380-23,400 का जोन तत्काल रेजिस्टेंस का काम कर सकता है। 23,400 के स्तर से ऊपर जाने पर बाजार में जारी पुलबैक मज़बूत होगा और नियर टर्म में निफ्टी 23,550 के स्तर तक बढ़ सकता है।
उन्होंने आगे कहा कि नीचे की तरफ निफ्टी के लिए 23,130-23,100 का जोन एक अहम सपोर्ट एरिया बना हुआ है। अगर यह 23,100 के नीचे जाता है और वहां बना रहता है तो फिर से बिकवाली का दबाव दिखेगा और मार्केट में एक और करेक्शन का दौर शुरू हो सकता है,जिससे इंडेक्स शॉर्ट टर्म में 22,950 के लेवल तक गिर सकता है।
SEBI-रजिस्टर्ड ऑनलाइन ट्रेडिंग और वेल्थ टेक फर्म,एनरिच मनी के CEO पोनमुडी आर ने कहा कि कल निफ्टी की शुरुआत सपाट रही,लेकिन यह 23,200 के स्तर से ऊपर बना रहा। यह लेवल पूरे सेशन के दौरान बार-बार सपोर्ट लेवल के तौर पर काम करता रहा। आखिर में यह बढ़त के साथ बंद हुआ। हालांकि,आगे और तेज़ी के लिए इस बढ़त को बनाए रखना और 23,300-23,400 के रेजिस्टेंस जोन को मजबूती से पार करना जरूरी होगा। नीचे की तरफ,23,100-23,070 का जोन एक अहम सपोर्ट एरिया बना हुआ है। अगर इस रेंज के नीचे की गिरावट आती है तो इससे बिकवाली का दबाव बढ़ सकता है।
उन्होंने आगे कहा कि मोमेंटम अभी भी सतर्कता वाला बना हुआ है। RSI 27 के आसपास है और अपनी औसत लाइन से थोड़ा ऊपर तो बढ़ा है,लेकिन अभी भी ओवरसोल्ड स्तर से नीचे है। इससे पता चलता है कि थोड़ी रिकवरी के बावजूद मोमेंटम बहुत कमज़ोर है।
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