Suzlon Energy के शेयरों में आज 9 अक्टूबर को 5 फीसदी का लोवर सर्किट लग गया। यह शेयर 27.65 रुपये के भाव पर बंद हुआ है। दरअसल, कंपनी के शेयरों में यह गिरावट स्टॉक के ASM स्टेज IV कैटेगरी में शामिल होने के बाद आई है। सुजलॉन एनर्जी स्टॉक को 9 अक्टूबर 2023 से डायरेक्ट स्टेज IV "ASM फ्रेमवर्क" में रखा गया है। ASM का मतलब एडिशनल सर्विलांस मेजर है। इसका मतलब है कि अब इसके शेयरों के मूवमेंट पर स्टॉक एक्सचेंजों की अतिरिक्त निगरानी रहेगी।
क्या है एक्सपर्ट्स की राय
एचडीएफसी सिक्योरिटीज के रिटेल रिसर्च हेड दीपक जसानी ने कहा, "ASM लिस्ट के तहत रखा गया कोई भी स्टॉक ट्रेडर्स के लिए कम आकर्षक हो जाता है।" इसलिए ASM लिस्ट में आने वाले किसी भी ऐसे स्टॉक में मुनाफावसूली देखी जा सकती है। ट्रेडर्स की मुनाफावसूली खत्म होने पर स्टॉक की कीमतें कुछ दिनों में स्टेबल भी हो सकती हैं। सुजलॉन के मामले में इस पर नजर रखनी होगी।
फंडामेंटल में सुधार के चलते एनालिस्ट पॉजिटिव
कीमतों में असामान्य उतार-चढ़ाव के कारण एक्सचेंजों और रेगुलेटर्स को यह निर्णय लेना पड़ा है, हालांकि एनालिस्ट आम तौर पर फंडामेंटल में सुधार को लेकर कंपनी के प्रति पॉजिटिव रहे हैं। कंपनी की कर्ज कटौती प्लान्स और मजबूत ऑर्डर फ्लो से भी निवेशकों का भरोसा बढ़ा है। हालांकि, एनालिस्ट्स का कहना है कि एग्जीक्यूशन में भी सुधार की जरूरत है।
निवेशकों की सुरक्षा के लिए किया जाता है यह उपाय
मार्केट रेगुलेटर सेबी और एक्सचेंज निवेशकों के हितों की रक्षा करने और बाजार की इटीग्रिटी को बढ़ाने के लिए कई एन्हांस्ड प्री-एम्प्टिव सर्विलांस मेजर करते हैं। एक्सपर्ट्स का कहना है कि यह निवेशकों की सुरक्षा के लिए प्राइस मूवमेंट को कंट्रोल करने की एक व्यवस्था है। हालांकि, इससे स्टॉक की लिक्विडिटी प्रभावित होती है। ASM IV फाइनल स्टेज है और सभी क्लाइंट्स के लिए मार्जिन रिक्वायरमेंट 100% तक बढ़ जाती है जबकि स्टॉक के लिए प्राइस बैंड 5% तक सीमित हो जाता है।