देश की सबसे बड़ी IT कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) आज, 8 अक्टूबर को जुलाई-सितंबर 2026 तिमाही के नतीजे जारी करने वाली है। इस दौरान कंपनी का बोर्ड वित्त वर्ष 2027 के लिए दूसरे अंतरिम डिविडेंड पर भी मोहर लगा सकता है। इसके लिए रिकॉर्ड डेट पहले से ही 14 अक्टूबर तय की जा चुकी है। इस तारीख तक जिन लोगों के नाम शेयरों के लाभार्थी मालिकों के तौर पर रजिस्टर ऑफ मेंबर्स ऑफ द कंपनी या डिपॉजिटरीज के रिकॉर्ड्स में दर्ज होंगे, वे डिविडेंड के हकदार होंगे।
तिमाही नतीजों की घोषणा से पहले TCS के शेयर में तेजी है। दिन में BSE पर शेयर की कीमत पिछले बंद भाव से लगभग 3 प्रतिशत तक उछलकर 2142 रुपये के हाई तक गई। कंपनी का मार्केट कैप बढ़कर 7.64 लाख करोड़ रुपये हो गया है। निवेशक TCS की कमाई के साथ-साथ डिमांड में सुधार, आर्टिफीशियल इंटेलिजेंस (AI) के इस्तेमाल, विलय व अधिग्रहण सौदों को लेकर योजनाओं और खर्च के आउटलुक पर जानकारी का भी इंतजार कर रहे हैं। ब्रोकरेज का अनुमान है कि TCS की तिमाही आधार पर ग्रोथ धीमी रहेगी। इसकी वजह AI के कारण कीमतों में कमी का दबाव है, जो ग्रोथ की संभावनाओं पर असर डाल रहा है।
CNBC-TV18 के एनालिस्ट्स के पोल के मुताबिक, रुपये में रेवेन्यू के तिमाही आधार पर 1.3 प्रतिशत बढ़कर 73,225 करोड़ रुपये रहने की उम्मीद है। शुद्ध मुनाफा तिमाही आधार पर 2.4 प्रतिशत बढ़कर 13,673 करोड़ रुपये रह सकता है। EBIT मार्जिन के मोटे तौर पर स्थिर रहने का अनुमान है। कोटक इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज के एनालिस्ट्स का मानना है कि सालाना आधार पर कंपनी के मार्जिन में 100 बेसिस पॉइंट्स की गिरावट आ सकती है।
लगभग 8-11 अरब डॉलर रह सकती है TCS की TCV
ब्रोकरेज फर्म HDFC सिक्योरिटीज और कोटक इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज का अनुमान है कि सितंबर 2026 तिमाही में TCS की कुल कॉन्ट्रैक्ट वैल्यू (TCV) लगभग 8-11 अरब डॉलर रह सकती है। कंपनी ने तिमाही के दौरान कई मल्टी-ईयर डील कीं। इनमें जर्मनी की लग्जरी कार कंपनी पोर्श (Porsche) के साथ 1.45 अरब डॉलर की डील के साथ-साथ ABB, JFK एयरपोर्ट, JLR, एरियल बैंक (Aareal Bank), दुबई गोल्ड एंड कमोडिटी एक्सचेंज (DGCX) और वोडाफोन जैसी कंपनियों के साथ कई मिलियन डॉलर की पार्टनरशिप शामिल हैं।
TCS भी तेजी से अधिग्रहण कर रही है। सितंबर तिमाही में कंपनी ने पोर्श की IT यूनिट MHP को लगभग 37.3 करोड़ डॉलर में खरीदा। यह अपने ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर कारोबार का भी विस्तार कर रही है। इसने बेंगलुरु में बेस्ट बाय (Best Buy) की GCC यूनिट को खरीदा। लिहाजा कंपनी के मैनेजमेंट की ओर से विलय व अधिग्रहण रणनीति, ग्रोथ के मौकों और अधिग्रहण का मार्जिन पर असर के बारे में दी जाने वाली जानकारी पर बारीकी से नजर रखी जाएगी।
जून तिमाही में कैसे रहे थे नतीजे
अप्रैल-जून 2026 तिमाही में TCS का शुद्ध मुनाफा सालाना आधार पर 4.61 प्रतिशत बढ़कर 13,349 करोड़ रुपये रहा था। एक साल पहले मुनाफा 12,760 करोड़ रुपये था। ऑपरेशंस से कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 72,275 करोड़ रुपये रहा, जो जून 2025 तिमाही के रेवेन्यू 63,437 करोड़ रुपये से लगभग 14 प्रतिशत ज्यादा था। कंपनी ने वित्त वर्ष 2027 के लिए 12 रुपये प्रति शेयर के पहले अंतरिम डिविडेंड का ऐलान किया था।
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