Tipco Engineering IPO Listing: इंडस्ट्रियल मशीन बनाने वाली टिप्को इंजीानियरिंग के शेयरों की आज बीएसई एसएमई पर आधे फीसदी से भी कम प्रीमियम पर एंट्री हुई। इसके आईपीओ को भी निवेशकों का मिला-जुला रिस्पांस मिला था और खुदरा निवेशकों का हिस्सा तो पूरा भर भी नहीं पाया था। आईपीओ के तहत ₹89 के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज BSE SME पर इसकी ₹89.25 पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को महज 0.28% का लिस्टिंग गेन (Tipco Engineering Listing Gain) मिला। आईपीओ निवेशकों को और झटका तब लगा, जब शेयर टूट गए। ₹90 के भाव तक पहुंचने के बाद टूटकर यह ₹89.00 (Tipco Engineering Share Price) के लोअर सर्किट पर आ गया और इसी पर बंद भी हुआ यानी कि पहले कारोबारी दिन की समाप्ति पर आईपीओ निवेशक 4.73% घाटे मुनाफे में हैं।
Tipco Engineering IPO के पैसे कैसे होंगे खर्च
टिप्को इंजीनियरिंग का ₹61 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 23-25 मार्च तक खुला था। यह आईपीओ ओवरऑल 1.70 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 3.20 गुना (एक्स-एंकर), नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 2.12 गुना और खुदरा निवेशकों का हिस्सा 0.66 गुना भरा था। इस आईपीओ के तहत ₹48 करोड़ के नए शेयर जारी हुए हैं। इसके अलावा ₹10 की फेस वैल्यू वाले 13,55,200 शेयर ऑफर फॉर सेल विंडो के तहत बिके हैं। ऑफर फॉर सेल का पैसा तो शेयर बेचने वाले शेयरहोल्डर्स को मिला है। वहीं नए शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से ₹30.00 करोड़ कर्ज हल्का करने, ₹7.66 करोड़ वर्किंग कैपिटल की जरूरतों और बाकी पैसे आम कॉरपोरेट उद्देश्यों पर खर्च होंगे।
Tipco Engineering के बारे में
सितंबर 2021 में बनी टिप्को इंजीनियरिंग पेंट और कोटिंग्स, केमिकल्स, प्रिटिंग और पैकेजिंग, मेटल, कंस्ट्रक्शन और इंफ्रास्ट्रक्चर जैसी इंडस्ट्रीज को इंडस्ट्रियल मशीनरी बनाकर सप्लाई करती है। यह बीड मिल्स, डिस्पर्सर्स और होमोजेनिजर्स जैसी मशीनों के साथ-साथ एट्रिटर मिल, बास्केट मिल, सिग्मा मिक्सर और लिक्विड पाउडर मिक्सिंग मशीन जैसे अन्य इक्विपमेंट्स बनाती है। इसकी मशीनरी तीन कैटेगरीज- मिल सीरीज, डिस्पेंसर सीरीज और होमोजेनिजर सीरीज में हैं।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो यह लगातार मजबूत हो रही है। वित्त वर्ष 2023 में इसे ₹2.56 करोड़ का शुद्ध मुनाफा हुआ था जो अगले वित्त वर्ष 2024 में उछलकर ₹8.45 करोड़ और फिर वित्त वर्ष 2025 में ₹15.61 करोड़ पर पहुंच गया। इस दौरान कंपनी की टोटल इनकम भी सालाना 92% से अधिक की चक्रवृद्धि दर (CAGR) से बढ़कर ₹133.37 करोड़ पर पहुंच गई। पिछले वित्त वर्ष 2026 की बात करें तो अप्रैल-दिसंबर 2025 में कंपनी को ₹13.19 करोड़ का शुद्ध मुनाफा और ₹86.25 करोड़ का टोटल इनकम हासिल हो चुका है। दिसंबर 2025 तिमाही के आखिरी में कंपनी पर ₹37.52 करोड़ का टोटल कर्ज था जबकि रिजर्व और सरप्लस में ₹31.09 करोड़ पड़े थे।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।