Trading Plan: ट्रेडर्स को US-Iran बातचीत का इंतज़ार, क्या Nifty और Bank Nifty लगातार दूसरे दिन भी बनाए रखेंगे बढ़त?
Trading Plan: बाजार का सेटअप अभी भी बुल्स के पक्ष में है। ऐसे में अगर रैली होती है,तो 24,500–24,700 का स्तर काफी अहम होगा, बशर्ते इंडेक्स 24,400 के ऊपर निकल जाए और वहीं टिका रहे। हालांकि, निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 24,200–24,100 के ज़ोन में है,जिसके बाद 24,000–23,900 पर अगला अहम सपोर्ट होगा
Nifty Strategy: इंडेक्स अब 24,571 के पास मौजूद वीकली ऑर्डर ब्लॉक की ओर बढ़ रहा है,जो गिरते हुए 20-हफ़्ते के EMA के साथ भी मेल खाता है। इस वजह से यह एक अहम कन्फ्लुएंस रेजिस्टेंस ज़ोन बन गया है
Trading Plan : तेल की कीमतों में गिरावट के बाद बाज़ार लगातार दूसरे सत्र में भी बढ़त बना सकता है,लेकिन होर्मुज़ जलडमरूमध्य को लेकर बनी अनिश्चितता के बीच,इस बढ़त का बने रहना ही सबसे अहम बात होगी जिस पर नज़र रखनी होगी। इसके अलावा,बाज़ार के भागीदार अमेरिका और ईरान के बीच होने वाली संभावित बातचीत का भी बेसब्री से इंतज़ार कर रहे हैं,क्योंकि दो हफ़्ते के संघर्ष-विराम के लिए तय 22 अप्रैल की समय-सीमा अब नज़दीक आ रही है।
बाजार का सेटअप अभी भी बुल्स के पक्ष में है। ऐसे में अगर रैली होती है,तो 24,500–24,700 का स्तर काफी अहम होगा, बशर्ते इंडेक्स 24,400 के ऊपर निकल जाए और वहीं टिका रहे। हालांकि, निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 24,200–24,100 के ज़ोन में है,जिसके बाद 24,000–23,900 पर अगला अहम सपोर्ट होगा।
इस बीच बाजार जानकारों का यह भी कहना है कि Bank Nifty को 57,700 की ओर बढ़ने के लिए 56,800 के स्तर को निर्णायक रूप से पार करना होगा,जबकि 56,200–55,800 का स्तर इसके लिए सपोर्ट का काम कर सकता है।
निफ्टी आउटलुक और स्ट्रेटेजी
एंजेल वन के टेक्निकल एनालिस्ट राजेश भोसले का कहना है कि निफ्टी में लगातार दूसरे हफ़्ते बढ़त देखने को मिली है। यह अपने हाल के निचले स्तरों से 2,000 से ज़्यादा अंकों की तेज़ी के साथ ऊपर चढ़ा है और इसने 26,000 के आस-पास के अपने हाई से हुई गिरावट का 50 प्रतिशत से ज़्यादा हिस्सा वापस पा लिया है। बाज़ार का माहौल साफ़ तौर पर बेहतर हुआ है और इस समय तेज़ी का रुख़ (बुलिश मोमेंटम)हावी है,जिसे लगातार बने कुछ 'बुलिश गैप्स'का भी सपोर्ट मिल रहा है। कीमतें अब एक अहम तकनीकी मोड़ पर पहुंच गई हैं,जिसे तेजी के रुझान को और आगे बढ़ाने के लिए निर्णायक रूप से पार करना जरूरी है।
24,500–24,800 की रेंज में कई रेजिस्टेंस हैं,जो 50–89 EMA और हाल की गिरावट के 61.8 प्रतिशत रिट्रेसमेंट के साथ मेल खाता है। आने वाले हफ़्तों में तेज़ी के रुझान के जारी रहने का संकेत देने के लिए इस बैंड के ऊपर एक लगातार ब्रेकआउट होना ज़रूरी होगा। नियर टर्म में जब तक यह स्तर टूटता नहीं है,तब तक ऊंचे स्तरों पर कुछ कंसोलिडेशन होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
हालांकि,हाल की कीमतों में हुए उतार-चढ़ाव को देखते हुए,गिरावट आने पर खरीदारी होने की संभावना है। इससे'गिरावट पर खरीदारी'के तरीके के जारी रहने का संकेत मिलता है। नीचे की तरफ, 24,000–23,900 का ज़ोन(जो हाल के'बुलिश गैप'से मेल खाता है) को तत्काल सपोर्ट के तौर पर देखा जा रहा है। इसके नीचे 23,550 के करीब बना 'हायर बॉटम' (जो 20 DEMA के साथ मेल खाता है) एक अहम सपोर्ट स्तर बना हुआ है।
बाज़ार में सभी सेक्टरों में आई व्यापक भागीदारी एक बड़ा पॉजिटिव फैक्टर रहा है। Nifty Midcap इंडेक्स ने काफ़ी मज़बूती दिखाई है। इसने 61.8 प्रतिशत के रिट्रेसमेंट लेवल को पार कर लिया है और अब यह अहम मूविंग एवरेज से ऊपर ट्रेड कर रहा है। इससे यह संकेत मिलता है कि पूरे बाज़ार में तेज़ी का यह रुख़ आगे भी बना रहने की संभावना है और अलग-अलग शेयरों में निवेश के अवसर लगातार बने रहेंगे।
अहम रेजिस्टेंस: 24,500, 24,700
अहम सपोर्ट: 24,100, 23,900
रणनीति: 24,200 के आस-पास गिरावट आने पर Nifty Futures खरीदें, 23,900 का स्टॉप-लॉस रखें और 24,700–24,900 का लक्ष्य निर्धारित करें।
लक्ष्मीश्री इन्वेस्टमेंट्स के रिसर्च हेड अंशुल जैन
Nifty ने हफ़्ते का अंत अपने सबसे ऊंचे स्तर पर किया,एक और मज़बूत बुलिश कैंडल बनाई। साथ ही इसने वीकली बेयरिश फेयर वैल्यू गैप को पूरी तरह से नकार दिया। यह सिलसिला इस बात की पुष्टि करता है कि अब प्राइस एक्शन करेक्टिव से बदलकर इंपल्सिव हो गया है और शॉर्ट-टर्म स्ट्रक्चर में 'हायर हाई'और 'हायर लो'फिर से स्थापित हो गए हैं।
इंडेक्स अब 24,571 के पास मौजूद वीकली ऑर्डर ब्लॉक की ओर बढ़ रहा है,जो गिरते हुए 20-हफ़्ते के EMA के साथ भी मेल खाता है। इस वजह से यह एक अहम कन्फ्लुएंस रेजिस्टेंस ज़ोन बन गया है। हालांकि इस ज़ोन के टेस्ट होने की संभावना है,लेकिन मौजूदा तेज़ी के दौर में बिना किसी कंसोलिडेशन या पुलबैक के इसके ऊपर टिके रहना मुश्किल साबित हो सकता है।
दूसरी ओर 24,255–24,100 का बैंड तत्काल डिमांड ज़ोन का काम कररहा है,जो हालिया ब्रेकआउट फॉर्मेशंस और इंट्राडे एक्युमुलेशन से बना है। वीकली टाइमफ़्रेम पर मोमेंटम इंडिकेटर्स अत्यधिक ओवरसोल्ड स्तरों से नीचे आ गए हैं और अब 'हायर लो' बना रहे हैं। यह बढ़ते हुए बुलिश मोमेंटम और आने वाले सत्रों में ट्रेंड के जारी रहने की बढ़ती संभावना का संकेत है।
अहम रेजिस्टेंस : 24,571, 24,700
अहम सपोर्ट : 24,255, 24,100
रणनीति: रेजिस्टेंस ज़ोन में गैप-अप मोमेंटम का पीछा करने से बचें। Nifty Futures को 24,300–24,350 के आस-पास खरीदें,जिसका टारगेट 24,570 हो और स्टॉप-लॉस 24,275 से नीचे हो।
Bank Nifty : आउटलुक और पोज़िशनिंग
राजेश भोसले का कहना है कि Bank Nifty ने लगातार दूसरे हफ़्ते अपनी बढ़त जारी रखी। हालांकि,इस दौरान प्राइस एक्शन ज़्यादातर एक सीमित दायरे में ही रहा। तकनीकी रूप से यह इंडेक्स 50 और 89 EMA द्वारा तय किए गए एक अहम कन्फ्लुएंस ज़ोन के अंदर ही ऊपर-नीचे होता रहा जो कि अपने अब तक के सबसे ऊंचे स्तरों से हाल ही में आई गिरावट के 50 प्रतिशत और 61.8 प्रतिशत रिट्रेसमेंट के साथ भी मेल खाता है। यह दायरा 55,800 और 57,200 के बीच स्थित है। इस ज़ोन से कोई भी निर्णायक ब्रेकआउट आने पर मोमेंटम का अगला दौर शुरू होने की संभावना है।
मौजूदा माहौल को देखते हुए,रुझान तेज़ी की ओर झुका हुआ लग रहा है,जो इंडेक्स को 58,000–58,500 के स्तरों की ओर ले जा सकता है। इंडेक्स के हाई-बीटा स्वभाव और चल रहे नतीजों के सीज़न को देखते हुए,उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। इसलिए,गिरावट आने पर खरीदारी करने का तरीका अपनाने की सलाह दी जाती है।
अहम रेजिस्टेंस: 57,000, 57,800
अहम सपोर्ट: 55,800, 55,500
रणनीति: 56,000 के आस-पास गिरावट आने पर बैंक निफ्टी फ्यूचर्स खरीदें। स्टॉप-लॉस 55,500 रखें और लक्ष्य 57,800–58,500 निर्धारित करें।
अंशुल जैन का कहना है कि Bank Nifty ने हफ़्ते की क्लोजिंग 56,565 पर किया,जो ठीक गिरते हुए 20-हफ़्ते के EMA पर था। यह एक अहम मोड़ है,जहां ट्रेंड का रेजिस्टेंस उभरती हुई मांग से मिलता है। यह स्तर अब एक पिवट (pivot) का काम कर रहा है,जहां कीमत करेक्टिव मोड से रिकवरी मोड में जाने की कोशिश कर रही है। ठीक इसके ऊपर, 57,097 और 57,696 के बीच का वीकली गैप एक बड़े सप्लाई ज़ोन के तौर पर उभरा है,जो शायद तेजड़ियों के भरोसे की परीक्षा लेगा।
डेली टाइमफ्रेम पर,इंडेक्स ने 55,978 के पास गैप सपोर्ट को सफलतापूर्वक बचा लिया है। यह अब एक लॉन्चपैड का काम कर रहा है और ऊपर की ओर, वीकली गैप की दिशा में संभावित बढ़त के लिए एक आधार बना रहा है। इसकी बनावट से खरीदारी (accumulation)के शुरुआती संकेत मिल रहे हैं, लेकिन इसकी पुष्टि होना अभी बाकी है।
वीकलीऑसिलेटर्स अत्यधिक ओवरसोल्ड स्थितियों से ठंडे पड़ गए हैं और अब मोमेंटम में बदलाव के लिए तैयार हैं। वीकली गैप से फेल हुआ रिजेक्शन मजबूती की पुष्टि करेगा और ऊपर की ओर एक और तेज़ उछाल को ट्रिगर करेगा। तब तक,रेजिस्टेंस के पास प्राइस एक्शन यह तय करेगा कि रिकवरी बनी रहती है या फीकी पड़ जाती है।
अहम रेजिस्टेंस: 57,097, 57,696
अहम सपोर्ट: 55,978, 55,200
रणनीति: बेयरिश गैप में मोमेंटम का पीछा करने से बचें। Bank Nifty Futures को 56,500 के आस-पास खरीदें, 56,200 के नीचे स्टॉप-लॉस रखें और 57,097–57,700 का टारगेट रखें।
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