Stock Picks : बाजार में इस करेक्शन के बीच निवेशकों को क्या करना चाहिए। इस पर चर्चा के लिए सीएनबीसी-आवाज़ के साथ जुड़े Invasset PMS के पार्टनर & हेड ऑफ रिसर्च अनिरुद्ध गर्ग। इस बातचीत में उन्होंने कहा कि मोदी सरकार के वापसी के समय आए करेक्शन और हालिया करेक्शन के बीच अंतर है। मोदी सरकार के वापसी के समय आए करेक्शन में बाजार का एक अहम हिस्सा लॉर्ज कैप चला नहीं था। जुलाई के मध्य से बाजार का फोकस लीडर्स से हट कर डिफेंसिव शेयरों की तरफ चला गया है। जब कभी भी बाजार में डिफेंसिव शेयरों की तरफ फोकस बढ़ने लगता है तो इसका मतलब होता है कि बाजार अब अपने आपको मंदी की तरफ ले जाने की तैयारी कर रहा है।
हाल की गिरावट से इसी बात की पुष्टि हुई है। निफ्टी 26300 के टारगेट से नीचे आ गया है। बाजार में शॉर्ट टर्म में उठापटक रह सकती है लेकिन लंबी अवधि के नजरिए से हमारा बाजार अच्छा है। बड़े आईपीओ आने वाले हैं इससे लिक्विडिटी पर असर संभव है।
अनिरुद्ध गर्ग की राय है कि इस समय बाजार में थोड़ा सतर्कता बरतने की जरूरत है। पोर्ट फोलियो में लार्जकैप और डिफेंसिव शेयरों की तरफ ज्यादा झुकाव होना चाहिए। शेयर बाजार से उम्मीदें ज्यादा बढ़ गई हैं। ऐसे में रिटेल निवेशकों की तरफ से बाजार में बहुत पैसा आ रहा है। हमें बाजार से अपनी उम्मीदें व्यावहारिक रखनी चाहिए। अगले तीन साल में भारतीय बाजारों में अच्छा पैसा बन सकता है। अनिरुद्ध गर्ग की राय है कि बाजार में बहुत ज्यादा गिरावट नहीं होगी। इस गिरावट में निफ्टी ईटीएफ में खरीदारी करने की सलाह होगी।
अनिरुद्ध ने आगे कहा कि ज्यादातर मार्केट में ये देखने को मिला है कि जो सिगनल्स बाजार की मंदी में आपको बहुत बढ़िया खारीदारी का मौका देते हैं वही सिगनल तेजी के बाजार में आपको कहीं न कहीं गलत सिगनल्स देते हैं। जैसे बहुत से लोग ब्रेकआउट पर शेयर खरीदते हैं। ये रणनीति कमजोर बाजार में तो काम कर सकती है लेकिन महंगे बाजार में ये रणनीति आपको नुकसान पहुंचा सकती है। ऐसे में इस समय बाजार में सतर्क रहें। पिछले दो साल में निवेशकों ने काफी पैसे कमाए हैं अब सावधान रहने और पैसे संभालने का समय है।
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