शेयर बाजार में इन 6 कारणों से लौटी तेजी, सेंसेक्स 450 अंक उछला, निफ्टी भी 25,200 के पास
Share Market Rise: भारतीय शेयर बाजारों में गुरुवार 9 अक्टूबर को शानदार तेजी देखने को मिली। कारोबार के दौरान सेंसेक्स 450 अंकों तक उछल गया। वहीं निफ्टी बढ़कर 25,200 के पार पहुंच गया। मेटल, फार्मा और आईटी शेयरों में मजबूत खरीदारी से शेयर बाजार की इस तेजी को सपोर्ट मिला
Share Market Rise: विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने लगातार दूसरे दिन भारतीय बाजारों में खरीदारी की
Share Market Rise: भारतीय शेयर बाजारों में गुरुवार 9 अक्टूबर को शानदार तेजी देखने को मिली। कारोबार के दौरान सेंसेक्स 450 अंकों तक उछल गया। वहीं निफ्टी बढ़कर 25,200 के पार पहुंच गया। मेटल, फार्मा और आईटी शेयरों में मजबूत खरीदारी से शेयर बाजार की इस तेजी को सपोर्ट मिला। इसके अलावा विदेशी निवेशकों की खरीदारी और ग्लोबल बाजारों से पॉजिटिव संकेतों ने निवेशकों के सेंटीमेंट को मजबूत किया।
कारोबार के अंत में, सेंसेक्स 398.44 अंक यानी 0.49% चढ़कर 82,172.10 पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी 135.65 अंक यानी 0.54% बढ़कर 25,181.80 पर बंद हुआ। टाटा स्टील, JSW स्टील, डॉ. रेड्डीज लैब, एचसीएल टेक्नोलॉजीज और इंडिगो जैसे शेयरों में 3% तक की तेजी देखने को मिली।
शेयर बाजार में आज की इस तेजी के पीछे के 6 बड़े कारण रहे-
1. विदेशी निवेशकों की लगातार खरीदारी
विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने लगातार दूसरे दिन भारतीय बाजारों में खरीदारी की। एक्सचेंज के आंकड़ों के मुताबिक, बुधवार को FIIs ने ₹81.28 करोड़ के शेयर खरीदे, जबकि मंगलवार को उनकी खरीद ₹1,440.66 करोड़ रही थी। विदेशी निवेशकों के लंबे समय बाद बाजार में लौटने के संकेत से मार्केट सेंटीमेंट को मजबूती मिली।
2. मेटल और फार्मा शेयरों में दमदार तेजी
शेयर बाजार में आज की तेजी की अगुआई मेटल और फार्मा शेयरों ने की। निफ्टी मेटल इंडेक्स 1.6% चढ़ा, जिससे तीन दिन की गिरावट का सिलसिला टूट गया। इंडोनेशिया की फ्रीपोर्ट ग्रासबर्ग खदान में सप्लाई से जुड़ी चिंताओं के चलते बेस मेटल की कीमतें बढ़ीं, जिससे मेटल शेयरों को सहारा मिला। फार्मा शेयरों में भी 4% तक की तेजी रही। अमेरिकी सरकार की ओर से जेनेरिक दवाओं पर टैरिफ न लगाने की खबर ने भारतीय फार्मा एक्सपोर्टर्स के लिए राहत का काम किया।
3. कॉरपोरेट अर्निंग्स सीजन को लेकर उम्मीदें
शेयर बाजार में निवेशक कंपनियों के आगामी तिमाही नतीजों को लेकर भी आशावादी दिख। टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) आज देर अपने सितंबर तिमाही के नतीजे जारी करेगी। इसके साथ ही औपचारिक रूप से सितंबर तिमाही के नतीजों का सीजन शुरू हो जाएगा।
जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के चीफ इनवेस्टमेंट स्ट्रैटजिस्ट्स, डॉ वीके विजयकुमार ने कहा, “सितंबर तिमाही में IT सेक्टर के नतीजे सीमित रह सकते हैं, लेकिन ऑटो और कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स में बढ़ती मांग से दिसंबर तिमाही से सुधार की उम्मीद है।”
4. मजबूत ग्लोबल संकेत
ग्लोबल बाजारों में तेजी से भी भारतीय बाजार को गुरुवार को सपोर्ट मिला। सुबह के कारोबर में लगभग अधिकतर एशियाई बाजार हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। जापान का निक्केई 225 और हांगकांग का हैंग सेंग इंडेक्स बढ़त में रहे। अमेरिकी शेयर बाजार भी बुधवार को मजबूती के साथ बंद हुए और वॉल स्ट्रीट के फ्यूचर्स गुरुवार को भी इसके हरे निशान में खुलने का संकेत दे रहे थे।
5. क्रूड ऑयल के दाम में गिरावट
अंतरराष्ट्रीय बाजार में गुरुवार को ब्रेंट क्रूड का बाव 0.5% गिरकर 65.92 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर आ गया। कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से भारत के लिए इंपोर्ट बिल और महंगाई के दबाव में राहत मिलने की उम्मीद है।
6. फेडरल रिजर्व की बैठक के संकेत
अमेरिकी फेडरल रिजर्व की सितंबर बैठक के मिनट्स से पता चला कि केंद्रीय बैंक इस साल ब्याज दरों में और कटौती करने के पक्ष में हैं। हालांकि महंगाई दर अभी भी केंद्रीय बैंक के लक्ष्य से ऊपर है, लेकिन जॉब मार्केट में सुस्ती के चलते वह ब्याज दरों को घटाने के लिए मजबूर हो सकता है। ब्याज दरों के घटने से भारत जैसे उभरते बाजारों में विदेशी निवेश बढ़ने की संभावना रहती है।
डिस्क्लेमरःMoneycontrol पर एक्सपर्ट्स/ब्रोकरेज फर्म्स की ओर से दिए जाने वाले विचार और निवेश सलाह उनके अपने होते हैं, न कि वेबसाइट और उसके मैनेजमेंट के। Moneycontrol यूजर्स को सलाह देता है कि वह कोई भी निवेश निर्णय लेने के पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट से सलाह लें।