Meesho पर JM Financial ने शुरू किया कवरेज, लिमिटेड उछाल की उम्मीद; शेयर 3% चढ़ा

Meesho Share Price: ब्रोकरेज को उम्मीद है कि मीशो का रेवेन्यू FY25-30 के दौरान 27% CAGR से बढ़ेगा। शेयर अपने IPO प्राइस 111 रुपये से 53 प्रतिशत ज्यादा कीमत पर है। मीशो 10 दिसंबर 2025 को शेयर बाजार में लिस्ट हुई थी

अपडेटेड Jan 09, 2026 पर 16:40
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ई-कॉमर्स कंपनी मीशो के शेयरों में 9 जनवरी को 3 प्रतिशत से ज्यादा की तेजी आई। BSE पर शेयर 170.60 रुपये पर बंद हुआ। दिन में शेयर लगभग 5 प्रतिशत उछाल के साथ 173.30 रुपये के हाई तक गया।

इससे पहले लगातार 3 कारोबारी सत्रों में शेयर करीब 10 प्रतिशत तक टूटा था। कंपनी का मार्केट कैप बढ़कर 77000 करोड़ रुपये के करीब पहुंच गया है।

इस बीच खबर है कि जेएम फाइनेंशियल ने शेयर पर 'रिड्यूस' रेटिंग के साथ कवरेज शुरू किया है। मार्च 2027 के लिए टारगेट प्राइस 170 रुपये प्रति शेयर रखा है।

ब्रोकरेज का कहना है कि ​लिस्टिंग के बाद मीशो के शेयर में आई तगड़ी रैली के चलते अब इसमें उछाल की गुंजाइश लिमिटेड है।

जेएम फाइनेंशियल के अनुसार, मीशो की भारतीय ई-कॉमर्स सेक्टर में मजबूत स्थिति है। लेकिन इसकी ग्रोथ की संभावनाओं से आने वाली ज्यादातर तेजी मौजूदा लेवल पर पहले ही कीमत में शामिल हो चुकी है।

ब्रोकरेज को उम्मीद है कि मीशो का रेवेन्यू FY25-30 के दौरान 27% CAGR से बढ़ेगा। FY30 तक एडजस्टेड EBITDA मार्जिन, नेट मर्चेंडाइज वैल्यू के प्रतिशत के रूप में 3.3% रहेगा।

मीशो 10 दिसंबर 2025 को शेयर बाजार में लिस्ट हुई थी। 5421.20 करोड़ रुपये का IPO 81.76 गुना भरा था। कंपनी में प्रमोटर्स के पास 16.76 प्रतिशत हिस्सेदारी है।

शेयर अपने IPO प्राइस 111 रुपये से 53 प्रतिशत ज्यादा कीमत पर है। 7 जनवरी को कंपनी के 10.99 करोड़ शेयर ट्रेडिंग के लिए फ्री हो गए। ये शेयर कंपनी की बकाया इक्विटी का 2 प्रतिशत हैं।

मीशो का वित्त वर्ष 2025 में शुद्ध घाटा बढ़कर 3,941 करोड़ रुपये हो गया। एक साल पहले यह 305 करोड़ रुपये था। टैक्स और असाधारण मदों से पहले के घाटे को छोड़कर, शुद्ध घाटा 108 करोड़ रुपये रहा।

JM फाइनेंशियल ने बताया कि मीशो की कॉस्ट लीडरशिप और एसेट-लाइट बिजनेस मॉडल ने उसे वित्त वर्ष 2025 में 5.9 अरब रुपये का फ्री कैश फ्लो जनरेट करने में मदद की है।

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ब्रोकरेज ने कुछ संभावित मुख्य जोखिमों की ओर भी इशारा किया है, जिनमें लॉजिस्टिक्स लागत के फायदों का स्थिर होना, बढ़ता कॉम्पिटीशन और एड-बेस्ड मोनेटाइजेशन में चुनौतियां शामिल हैं।

इसके अलावा उम्मीद से बेहतर ग्रोथ, कंटेंट और फाइनेंसिंग से मोनेटाइजेशन, मीशो मॉल जैसे नए रेवेन्यू सोर्स विकसित होने से फायदे के मौके भी बन सकते हैं। ब्रोकरेज का मानना ​​है कि मौजूदा मार्केट लेवल पर वैल्यूएशन अभी भी ज्यादा हैं।