सोने की लंका का आज बुरा हाल है। लोगों को खाने-पीने की चीजें नहीं मिल रही हैं। फ्यूल के लिए पेट्रोल पंप और गैस स्टेशनों पर लंबी लाइन लग रही है। हॉस्पिटल में दवाइयां नहीं हैं। लोग सरकार के खिलाफ सड़कों पर प्रदर्शन कर रहे हैं। कुछ प्रदर्शनों के उग्र होने की भी खबर है। सरकार को कुछ सूझ नहीं रहा। दरअसल, श्रीलंका आखिरकार चीन की डेट-ट्रैप डिप्लोमैसी का शिकार हो गया है।
