7th Pay Commission: केंद्रीय मंत्रिमंडल ने कल बुधवार को केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ता (Dearness Allowance - DA) और महंगाई राहत (Dearness Relief - DR) को 4 प्रतिशत बढ़ाकर बेसिक सैलरी का 42 फीसदी कर दिया है। सरकार के इस कदम से लगभग 4.8 मिलियन केंद्र सरकार के कर्मचारियों और 6.9 मिलियन पेंशनभोगियों को लाभ होगा। यह फैसला 1 जनवरी 2023 से लागू माना जाएगा। सरकार की इस बढ़ोतरी के बाद कर्मचारियों को 2 महीने जनवरी और फरवरी का DA एरियर भी मिलेगा। यानी, सरकारी कर्मचारियों की मार्च की सैलरी में बंपर पैसा आने वाल है।
कल सूचना एवं प्रसारण मंत्री अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा कि यह डीए में यह बढ़ोतरी लेबर के लिए तय किये अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (AICPI) के प्रतिशत में बढ़ोतरी और 7वें वेतन आयोग की सिफारिशों के कारण किया गया है। सरकार के डीए और डीआर बढ़ाने से सरकार पर वित्तीय बोझ 12815 करोड़ रुपये बढ़ जाएगा। ये 1 जनवरी 2023 से लागू माना जाएगा तो ये वित्त वर्ष 2024 में 14 महीने के लिए 14,951.52 करोड़ रुपये का वित्तीय बोझ बढ़ा देगा। ठाकुर ने कहा कि डीए के लिए सरकार 6554.40 रुपये सालाना और वित्त वर्ष 24 में 14 महीने के लिए 7646.8 करोड़ रुपये खर्च करेगी। इसी तरह DR के लिए सरकार 6261.2 रुपये प्रति वर्ष और FY24 में 7304.72 करोड़ रुपये खर्च करेगी।
सरकार साल में 2 बार बढ़ाती है DA
सरकार ने पिछले साल सितंबर में सरकार ने डीए और डीआर को 4 फीसदी बढ़ाकर बेसिक सैलरी का 38 फीसदी कर दिया था। सरकार सेंट्रल पे कमीशन की सिफारिशों के आधार पर डीए में बढ़ोतरी करती है। कोविड महामारी के समयको छोड़कर जब केंद्र सरकार ने 1 जनवरी 2020, 1 जुलाई 2020 और 1 जनवरी 2021 को DA और DR की तीन इन्स्टॉलमेंट पर रोक लगा दी थी। उसके बाद से सरकार लगातार साल में 2 बार DA और DR बढ़ा रही है।
उदाहरण के लिए केंद्र सरकार के एक कर्मचारी को हर महीने 25,500 रुपये का बेसिक वेतन मिलता है। 38 फीसदी पर उनका महंगाई भत्ता 9,690 रुपये था। अब अगर डीए बढ़कर 42 फीसदी हो जाता है तो उनका डीए बढ़कर 10,710 रुपये हो जाएगा। तो यानी अब उनके वेतन में 10,710 - 9,690 = 1,020 रुपये हर महीने की बढ़ोतरी हो जाएगी। अब मार्च महीने की सैलरी में जनवरी, फरवरी और मार्च का बढ़ा डीए आएगा। इस हिसाब से कर्मचारियों के वेतन में 3060 रुपये बढ़कर आएगा।