Aadhaar mobile update: आधार कार्ड धारकों के लिए बड़ी राहत की खबर है। UIDAI ने घोषणा की है कि नागरिक जल्द ही घर बैठे ही अपना मोबाइल नंबर अपडेट कर सकेंगे। उन्हें इसके लिए आधार केंद्र जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। यह बदलाव उन लोगों के लिए खास मददगार होगा जिन्हें हर बार आधार सेवा केंद्र पहुंचना मुश्किल होता है।
UIDAI ने X (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करके बताया कि नई सुविधा लोगों को रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर को रिमोटली अपडेट करने की अनुमति देगी। हालांकि लॉन्च की सटीक तारीख अभी नहीं बताई गई है, लेकिन UIDAI का कहना है कि यह प्रक्रिया मौजूदा सिस्टम की तुलना में कहीं अधिक सरल और सुविधाजनक होगी।
अभी मोबाइल नंबर अपडेट कैसे होता है?
फिलहाल मोबाइल नंबर अपडेट कराने के लिए आधार सेवा केंद्र या एनरोलमेंट सेंटर में जाना अनिवार्य है। वहां बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन किया जाता है। लेकिन आने वाली नई सुविधा इस फिजिकल विजिट की जरूरत को खत्म कर देगी।
UIDAI इस प्रक्रिया को बायोमेट्रिक्स या सुरक्षित OTP वेरिफिकेशन के आधार पर ऑनलाइन पूरा करने की तैयारी कर रहा है। यह काम myAadhaar पोर्टल या ऐप के जरिए किया जाएगा।
आधार में मोबाइल नंबर क्यों जरूरी है?
मोबाइल नंबर जुड़ा होना कई सेवाओं के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इसके जरिए कई सरकारी सुविधाओं का लाभ मिलता है।
नई सुविधा कैसे काम करेगी?
UIDAI का प्लान है कि अपडेट प्रक्रिया में OTP वेरिफिकेशन + फेस ऑथेंटिकेशन दोनों शामिल होंगे। इसका मतलब है कि आधारधारक अपने स्मार्टफोन कैमरे से चेहरा स्कैन करके अपनी पहचान की पुष्टि कर सकेंगे। यह प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल होगी और किसी कार्यालय तक जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
आधार अपडेट की फीस क्या है?
नाम, पता, जेंडर, जन्मतिथि, मोबाइल नंबर या ईमेल एड्रेस में बदलाव बायोमेट्रिक अपडेट के साथ करवाने पर पूरी तरह मुफ्त है। लेकिन अगर आप इन्हें अलग-अलग करके अपडेट करवाते हैं, तो प्रति अपडेट ₹75 का शुल्क लगेगा।
UIDAI ने दस्तावेजों की सूची भी अपडेट कर दी है ताकि आधार अपडेट और एनरोलमेंट की प्रक्रिया आसान हो सके। पहले दस्तावेजों की कमी या भ्रम की वजह से लोगों को काफी परेशानी होती थी, लेकिन नए नियमों से यह मुश्किल काफी कम हो जाएगी।
नई सूची में UIDAI ने PoI (Proof of Identity), PoA (Proof of Address), DoB (Date of Birth), और PoR (Proof of Relationship) के वैध दस्तावेज साफ तौर पर बताए हैं।