Maharashtra: महाराष्ट्र में किसानों को लोन देने का मामला एक बार फिर से सुर्खियों में आ गया है। राज्य के डिप्टी सीएम देवेंद्र फडणवीस (Deputy Chief Minister Devendra Fadnavis) ने कहा है कि किसानों को फसल लोन देने से पहले किसानों से सिबिल स्कोर मांगने वाले बैंकों के खिलाफ FIR दर्ज कराई जाएगी। बता दें कि सिबिल स्कोर ग्राहक की क्रेडिट हिस्ट्री के बारे में बताता है। यह स्कोर तीन अंकों का होता । यह किसी व्यक्ति के लन लेने और उसे चुकाने की काबिलियत को मापने का तरीका है। सिबिल रिपोर्ट में मिले क्रेडिट हिस्ट्री का उपयोग करके स्कोर निकाला जाता है।
फडणवीस ने महाराष्ट्र के अमरावती जिले में मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि राज्य स्तरीय बैंकिंग समिति (state-level banking committee) की ओर से फैसला लिया जा चुका है कि फसल लोन देने के दौरान सिबिल स्कोर (CIBIL score) की शर्त को लागू नहीं किया जा सकता है।
फडणवीस ने कहा कि अगर कोई बैंक फसल लोन लेने वाले किसानों से सिबिलि स्कोर मांगते हैं तो ऐसे बैंकों के खिलाफ FIR दर्ज की जानी चाहिए। उन्होंने आगे का कि अगर कुछ बैंक किसानों को बेवजह परेशान करते हैं तो सरकार के पास ऐसी संस्थाओं के के खिलाफ FIR दर्ज करने के अलावा कोई विकल्प नहीं होगा। उन्होंने कहा कि अमारवती में कुछ बैंकों ने किसानों के अकाउंट्स में जमा सब्सिडी अमाउंट को कर्ज चुकाने के लिए डायवर्ट कर दिया है। उन्होंने कहा कि सभी बैंकों ने ऐसा नहीं किया है। लेकिन अमरावती के कुछ बैंक ऐसा काम कर रहे हैं। फडणवीस ने कहा कि मैंने बैंकों को सख्त आदेश दिए हैं कि वो कर्ज वसूली (loan recovery) के लिए सब्सिडी राशि का इस्तेमाल न करें।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कई किसानों को लोन देने के लिए बैंकों की ओर से सिबिल स्कोर मांगा गया था। जिसका किसानों ने जमकर विरोध किया। सिबिल स्कोर की शर्त को हटाने के लिए अकोला में किसानों ने बैलगाड़ी मोर्चा निकाला था। किसानों का कहना है कि सिबिल स्कोर की शर्त के चलते करीब 90 फीसदी किसानों को कर्ज नहीं मिल सकता है।