भारी बारिश की वजह से टमाटर के दाम इन दिनों कुछ ज्यादा लाल (महंगे) हो गए हैं। जो कोई भी नए दाम सुन रहा है, वो हैरान हो रहा है। तिरुपति में एशिया के सबसे बड़े टमाटर कारोबार केंद्र मदनपल्ले बाजार में 17 जून (सोमवार) को कमोडिटी की कीमतों में भारी उछाल देखने को मिला। 80 रुपये प्रति किलो दाम पहुंच गए। जानकारों का कहना है कि बकरीद का त्योहार और पड़ोसी राज्यों से टमाटर की सप्लाई की वजह से दाम में इजाफा हुआ है।
मंडी के अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक, मदनपल्ले मंडी में टमाटर की मांग लगातार बढ़ती जा रही है। किसान रोजाना 600 से 750 टन टमाटर ला रहे हैं। हालांकि, सोमवार को मंडी में आसपास के गांवों से सिर्फ 396 टन टमाटर आया। यह निर्यात की जरूरी मात्रा से काफी कम है।
टमाटर के उत्पादन में आई गिरावट
वहीं बाजार के एक अधिकारी ने बताया कि मदनपल्ले बाजार में टमाटर कारोबार के लिए बड़े पैमाने पर काम होता है। इस बाजार से कई क्षेत्रों में टमाटर की मांग पूरी की जाती है। इन दिनों टमाटर की आपूर्ति में कमी आई है। वहीं छिटपुट बारिश की वजह से कई इलाकों में टमाटर के उत्पादन में भी गिरावट आई है। अच्छी क्वालिटी के टमाटर अभी तक बाजार में नहीं पहुंच पाए हैं। टमाटर की बढ़ती कीमतों की वजह से ग्राहकों और कारोबारियों दोनों को नुकसान हो रहा है। ग्रेड A टमाटर 69 से 80 रुपये प्रति किलो के बीच बिका। वहीं ग्रेड B टमाटर 50 से 68 रुपये प्रति किलो के बीच बिका। कारोबारियों ने किसानों से औसतन 25 किलो के क्रेट 1,600 से 1,900 रुपये के बीच खरीदे हैं।
टमाटर के दाम 100 रुपये किलो तक पहुंचने के आसार
टमाटर की बढ़ती कीमतों से ग्राहक काफी परेशान हैं। अगर इसी तरह दाम बढ़ते गए तो लोगों के रसोई का बजट भी बिगड़ सकता है। कारोबारियों का कहना है कि अगर ऐसे ही हालत रहे तो टमाटर के दाम जल्द ही 90 से 100 रुपये प्रति किलो पहुंच सकते हैं। वहीं आधिकारी टमाटर की आपूर्ति बढ़ाने के उपाय तलाश रहे हैं, ताकि बढ़ती टमाटर की कीमतों पर ब्रेक लगाया जा सके।