बैंक से क्रेडिट कार्ड की लिमिट घटाए जाने का मैसेज मिलने पर आपको कैसा लगेगा? सबसे पहले आपके मन में यह सवाल आएगा कि आखिर बैंक ने ऐसा क्यों किया। दरअसल, कई लोगों को ऐसे मैसेज आते हैं। बैंक कुछ वजहों से ग्राहक के क्रेडिट कार्ड की लिमिट घटा देते हैं। कुछ मामलों में ग्राहक इसके लिए जिम्मेदार होता है, जबकि कई मामलों में इस फैसले में ग्राहक का कोई हाथ नहीं होता है। मनीकंट्रोल आपको उन वजहों के बारे में बता रहे हैं, जिनके चलते आम तौर पर बैंक ग्राहक के क्रेडिट कार्ड की लिमिट घटाते हैं।
बढ़ रहे हैं क्रेडिट बिल पेमेंट पर डिफॉल्ट के मामले
TransUnion Cibil के डेटा से पता चलता है कि क्रेडिट कार्ड्स (Credit Card) डिफॉल्ट के मामले बढ़े हैं। मार्च 2023 में यह 1.6 फीसदी से बढ़कर जून 2024 में 1.8 फीसदी हो गया। इसकी एक वजह Buy now, Pay Later स्कीम की बढ़ती लोकप्रियता और ई-कॉमर्स कंपनियों के EMI पर्चेजिंग प्लान हैं। ट्रांसयूनियन सिबिल की रिपोर्ट यह भी बताती है कि क्रेडिट कार्ड पर आउटस्टैंडिंग ड्यू मार्च 2024 में 2.6 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर जून 2024 में 2.7 लाख करोड़ रुपये हो गया। यह मार्च 2023 में सिर्फ 2 लाख करोड़ रुपये था।
क्या आप समय पर बिल चुकाते हैं?
अगर आप क्रेडिट कार्ड बिल के पेमेंट में बार-बार देर करते हैं तो बैंक आपको ज्यादा रिस्क वाला ग्राहक मान सकता है। इससे वह आपके क्रेडिट कार्ड की लिमिट घटा सकता है। आपके पेमेंट हैबिट का असर आपके क्रेडिट स्कोर पर भी पड़ता है। समय पर क्रेडिट कार्ड का बिल चुकाने पर आपके क्रेडिट स्कोर पर अच्छा असर पड़ता है। पेमेंट में देरी या पेमेंट नहीं करने पर आपका क्रेडिट स्कोर घट जाता है। अगर आप हर बार मिनिमम अमाउंट चुकाते हैं तो यह भी आपके क्रेडिट स्कोर के लिए खराब है।
बैंक क्यों घटाते हैं क्रेडिट लिमिट?
डिफॉल्ट बढ़ने पर बैंकों के लिए रिस्क बढ़ जाता है। ज्यादा संख्या में ग्राहकों के डिफॉल्ट करने का मतलब है कि ग्राहकों को बिल चुकाने में दिक्कत आ रही है। ऐसे में बैंक ग्राहकों की क्रेडिट लिमिट पर विचार सकता है। वह संभावित लॉस से बचने के लिए ज्यादा रिस्क वाले ग्राहक के क्रेडिट कार्ड की लिमिट घटा सकता है। इसलिए अगर आप क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल करते हैं तो समय पर उसका बिल चुकाने की कोशिश करें।
कैसा है आपका क्रेडिट यूटिलाइजेशन रेशियो?
बैंक ग्राहक के क्रेडिट यूटिलाइजेशन रेशियो पर भी ध्यान देते हैं। इस रेशियो का मतलब है कि आप कुल क्रेडिट लिमिट के कितने हिस्से का इस्तेमाल करते हैं। अगर आपके क्रेडिट कार्ड की लिमिट 1 लाख रुपये है और आपने 40,000 रुपये खर्च किया है तो आपका क्रेडिट यूटिलाइजेशन रेशियो 40 फीसदी होगा। 30 से कम क्रेडिट यूटिलाइजेशन रेशियो को अच्छा माना जाता है। 70 से ज्यादा क्रेडिट यूटिलाइजेशन रेशियो को खराब माना जाता है। इसका मतलब यह है कि जरूरी खर्चों के लिए ग्राहक की निर्भरता क्रेडिट पर है।
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क्रेडिट लिमिट घटने पर क्या करें?
अगर बैंक ने आपके क्रेडिट कार्ड की लिमिट घटा दी है तो आपको कस्टमर केयर डिपार्टमेंट को कॉल कर इसकी वजह समझने की कोशिश करनी चाहिए। अगर किसी वजह से आपने पेमेंट पर डिफॉल्ट किया है तो आप बैंक को इस बारे में बता सकते हैं। आप क्रेडिट लिमिट फिर से बढ़ाने की रिक्वेस्ट कर सकते हैं। आपके जवाब से संतुष्ट होने के बाद बैंक आपकी क्रेडिट लिमिट बढ़ा सकता है।