Dearness Allowance Increased: केंद्र सरकार ने अपने कुछ कर्मचारियों का महंगाई भत्ता बढ़ा दिया है। उन्हें 1 जुलाई 2023 से बढ़े हुए डीए (Dearness Allowance - DA) का लाभ मिलेगा। यह महंगाई भत्ता केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र उद्यमों (CPSE - Central Public Sector Enterprises) के बोर्ड स्तर के अधिकारियों और सुपरवाइजर के लिए बढ़ाया गया है।
किन कर्मचारियों पर लागू होगा बढ़ा हुआ DA?
सार्वजनिक उद्यम विभाग की अधिसूचना के अनुसार डीए की नई बढ़ी हुई दरें सीपीएसई के उन अधिकारियों पर लागू होंगी जो बोर्ड स्तर के पदों पर हैं। बोर्ड स्तर से नीचे के पदों और नॉन-यूनाइटेड सुपरवाइजर के लिए भी आईडीए पैटर्न को 1992 के वेतनमान से बढ़ाया और रिवाइज किया गया है।
रिवाइज दरें कब लागू होंगी?
ये रिवाइज दरें 1 जुलाई 2023 से लागू होंगी। 3500 रुपये प्रति माह के बेसिक वेतन पर डीए दर बढ़ाकर 701.9 फीसदी कर दी गई है, जो न्यूनतम 15,428 रुपये तय की गई है।
3500 रुपये से अधिक और 6500 रुपये तक बेसिक वेतन पर डीए दरें 526.4 फीसदी तय की गई हैं, जो कम से कम 24,567 रुपये होगी।
वहीं, 6500 रुपये से ऊपर और 9500 रुपये तक के बेसिक वेतन पर 421.1 फीसदी की डीए दर लागू की गई है, जो कम से कम 34,216 रुपये तक मानी जाएगी।
9500 रुपये से अधिक बेसिक वेतन पर 351.0 प्रतिशत महंगाई भत्ता लागू होगा, जो न्यूनतम 40,005 रुपये तक होगा।
समय-समय पर बढ़ता रहता है महंगाई भत्ता
भारत सरकार के सभी प्रशासनिक विभागों और मंत्रालयों को निर्देश दिया गया है कि इसे सभी सीपीएसई के अधिकारियों के लिए लागू किया जाएगा। इस नोटिफिकेशन के तहत यह नियम सभी सीपीएसई के प्रशासनिक नियंत्रण के लिए लागू होगा। केंद्र सरकार और राज्य सरकारें समय-समय पर अपने कर्मचारियों और पेंशनभोगियों का डीए बढ़ाती रहती हैं ताकि वे बढ़ती महंगाई से मुकाबला कर सकें। सरकार अपने कर्मचारियों के जीवनयापन की लागत बढ़ाने के साथ-साथ उनके महंगाई भत्ते में भी बढ़ोतरी करती रहती है।