Gold Silver Rates Today: देश और विदेश में 7 जुलाई को सोने और चांदी में गिरावट आई। सोना लगातार दूसरे दिन फिसला। विदेश में स्पॉट गोल्ड 0.8 फीसदी गिरकर 4,129.90 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। चांदी में भी बड़ी गिरावट देखने को मिली। स्पॉट सिल्वर 1.9 फीसदी गिरकर 60.93 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। पिछले हफ्ते सोने में अच्छी तेजी दिखी थी। यह 2 फीसदी से ज्यादा चढ़ा था। लेकिन, यह हफ्ता सोने के लिए अब तक कमजोर रहा है।
गोल्ड फ्यूचर्स और सिल्वर फ्यूचर्स में गिरावट
भारत में भी गोल्ड फ्यूचर्स और सिल्वर फ्यूचर्स में कमजोरी दिखी। कमोडिटी एक्सचेंज MCX में गोल्ड फ्यूचर्स 1.07 फीसदी यानी 1,567 रुपये गिरकर 1,45,350 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया। सिल्वर फ्यूचर्स 2.16 फीसदी यानी 5,096 रुपये गिरकर 2,30,979 रुपये प्रति किलो पर आ गया। सोने ने 2025 में 70 फीसदी रिटर्न दिया था।
डॉलर इंडेक्स में मजबूती का सोने पर असर
सोने में गिरावट की वजह डॉलर में मजबूती है। डॉलर इंडेक्स 0.10 फीसदी चढ़ा। डॉलर मजबूत होने से दूसरी करेंसी में सोना खरीदना महंगा हो जाता है, जिसका असर सोने पर पड़ता है। हालांकि, एक्सपर्ट्स का कहना है कि 7 जुलाई को आई गिरावट की वजह पिछले हफ्ते की तेजी के बाद कंसॉलिडेशन है।
इंटरेस्ट रेट बढ़ने पर घटेगी गोल्ड की चमक
ट्रेडर्स को अमेरिकी केंद्रीय बैंक की बैठक के मिनट्स का इंतजार है। यह 8 जुलाई को आएगा। इससे पता चलेगा कि इनफ्लेशन के बारे में फेडरल रिजर्व की क्या सोच है। निवेशकों को अब सितंबर में इंटरेस्ट रेट बढ़ने का 56 फीसदी अनुमान है। अगर फेड इंटरेस्ट रेट बढ़ाता है तो इसका निगेटिव असर सोने की कीमतों पर पड़ेगा। इंटरेस्ट रेट में कमी आने पर सोने की चमक बढ़ती है। इसके उलट इंटरेस्ट रेट बढ़ने पर सोने की चमक घटती है।
सोना रिकॉर्ड ऊंचाई से 30 फीसदी फिसला
इस साल की शुरुआत में सोने और चांदी की कीमतें रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गई थी। उसके बाद उनमें तेज गिरावट देखने को मिली। 28 फरवरी को अमेरिका-ईरान के बीच लड़ाई शुरू होने के बाद सोने और चांदी पर दबाव बढ़ गया। सोना अपने पीस से करीब 30 फीसदी गिर चुका है। जून में सोने में करीब 14 फीसदी की गिरावट आई थी। एक्सपर्ट्स का कहना है कि सोने में तेजी टिक नहीं पा रही है। यही हाल चांदी का है। कुछ समय तक बुलियन कंसॉलिडेशन फेज में रह सकते हैं।