Gratuity and Pension New Rule: मोदी सरकार ने सेंट्रल कर्मचारियों को डीए (Dearness allowance - DA) और दिवाली बोनस देने के बाद ने ग्रेच्युटी और पेंशन के नियमों में बदलाव कर दिया है। सरकार ने कर्मचारियों के लिए बनाए नियमों के साथ चेतावनी भी दी है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अगर आपने नियमों का पालन नहीं किया तो उन्हें अपने रिटायरमेंट के बाद पेंशन और ग्रेच्युटी नहीं मिलेगी।
अगर की ऐसी लापरवाही – तो नहीं मिलेगी पेंशन
अगर कोई कर्मचारी काम में लापरवाही करता है तो सरकार के नए नियम के मुताबिक उन्हें ग्रेच्युटी मिलने में परेशानी हो सकती है। ये नियम केंद्रीय कर्मचारियों पर लागू होते हैं। हालांकि, बाद में राज्य भी इन्हें लागू कर सकते हैं। केंद्र सरकार ने हाल में सेंट्रल सिविल सर्विसेज (पेंशन) Rule 2021 के तहत एक नोटिफिकेशन जारी किया है। इसमें पेंशन से जुड़े कुछ नियमों में बदलाव किया और कुछ नए जोड़े गए हैं। इन नियमों के मुताबिक अगर केंद्र सरकार के कर्मचारी नौकरी के दौरान किसी भी गंभीर अपराध या लापरवाही के दोषी पाए जाते हैं तो उनकी ग्रेच्युटी और पेंशन रोकी जा सकती है।
सरकार ने प्रेसिडेंट जो रिटायर्ड कर्मचारी के अप्वाइंटिंग अथॉरिटी में शामिल रहे हैं, उन्हें ग्रेच्युटी या पेंशन रोकने का अधिकार दिया है। सेक्रेटरी लेवल के अधिकारी जो सम्बंधित मंत्रालय या विभाग से जुड़े हों उनके तहत रिटायर होने वाले कर्मचारी की नियुक्ति की गई हो, उन्हें भी पेंशन और ग्रेच्युटी रोकने का अधिकार दिया है। अगर कोई कर्मचारी ऑडिट और अकाउंट विभाग से रिटायर हुआ है तो सीएजी को दोषी कर्मचारियों के रिटायर होने के बाद पेंशन और ग्रेच्युटी रोकने का अधिकार दिया है।
क्या हो सकती है कार्रवाई?
नौकरी के दौरान किसी भी कर्मचारी के खिलाफ अगर कोई विभाग की तरफ से या क्रिमिनल कार्रवाई हुई है, तो इसकी जानकारी संबंधित अधिकारियों को देनी होगी। अगर कोई कर्मचारी रिटायर होने के बाद फिर से नियुक्त होता है तो उस पर भी ये सभी नियम लागू होंगे। अगर कोई कर्मचारी रिटायरमेंट के बाद पेंशन और ग्रेच्युटी का पेमेंट ले चुका है और उसके बाद दोषी पाया गया है तो उससे पेंशन या ग्रेच्युटी की पूरा या आंशिक पैसा सरकार वसूल सकती है। कितना पैसा वापिस लेना है ये नुकसान के आधार पर तय किया जाएगा। अथॉरिटी चाहे तो कर्मचारी की पेंशन या ग्रेच्युटी को हमेशा के लिए रोक सकती है।
सरकार नियमों को लेकर सख्त
केंद्र की तरफ से बदले नियमों को लेकर काफी सख्त है। ये भी कहा है कि दोषियों को माफ नहीं किया जाएगा और ऐसी कोई भी जानकारी मिलती है तो उनकी पेंशन और ग्रेच्युटी रोकी जा सकती है।