SIP vs Lump Sum: ₹5 लाख एकमुश्त निवेश या ₹5000 की SIP, 15 साल बाद किसमें ज्यादा पैसा मिलेगा? समझिए कैलकुलेशन
SIP vs Lump Sum: ₹5 लाख एकमुश्त लगाना बेहतर है या ₹5,000 की SIP करना? 15 साल बाद दोनों में कितना पैसा बनेगा, इसका कैलकुलेशन काफी दिलचस्प है। जानिए किस विकल्प में आपका फंड ज्यादा हो सकता है और क्यों।
हर महीने ₹5,000 की SIP करते हैं तो 15 साल में आपका कुल निवेश ₹9 लाख होगा।
SIP vs Lump Sum: कई बार निवेश के वक्त हमारे मन में उलझन आती है कि एकमुश्त निवेश सही रहेगा या हर महीने SIP करना। अब मान लीजिए आपके पास ₹5 लाख हैं। अब आपके सामने दो रास्ते हैं। पूरा पैसा एक साथ निवेश कर दें या फिर हर महीने एक तय रकम से SIP शुरू करें, जैसे कि ₹5000 की।
अब सवाल है कि 15 साल बाद किस तरीके से ज्यादा पैसा बनेगा? इस सवाल का जवाब कंपाउंडिंग की गणित में छिपा है। यहां 12% सालाना रिटर्न मानकर कैलकुलेशन किया गया है, जो लॉन्ग टर्म में म्यूचुअल फंड औसतन देते हैं।
₹5,000 की SIP से 15 साल में कितना पैसा बनेगा?
हर महीने ₹5,000 की SIP करते हैं तो 15 साल में आपका कुल निवेश ₹9 लाख होगा।
12% सालाना अनुमानित रिटर्न पर यह रकम करीब ₹25.23 लाख हो सकती है। इसमें आपका निवेश ₹9 लाख और अनुमानित रिटर्न करीब ₹16.23 लाख होगा। यानी ₹5,000 की छोटी-सी मंथली SIP से 15 साल में ₹25 लाख से ज्यादा का फंड बन सकता है।
₹5 लाख एकमुश्त लगाने पर कितना पैसा बनेगा?
अब दूसरी स्थिति देखिए। आपके पास शुरुआत में ही ₹5 लाख हैं। आप पूरी रकम एक साथ निवेश कर देते हैं। अगर इस निवेश पर 15 साल तक औसतन 12% सालाना रिटर्न मिलता है, तो ₹5 लाख बढ़कर करीब ₹27.37 लाख हो सकते हैं।
इसमें करीब ₹22.37 लाख का अनुमानित रिटर्न शामिल होगा। यानी यहां आपका निवेश ₹5 लाख ही रहा। लेकिन 15 साल बाद रकम ₹27 लाख से ज्यादा हो गई।
दोनों में कितना फर्क आया?
अब दोनों कैलकुलेशन को एक साथ देखिए।
निवेश का तरीका
कुल निवेश
15 साल बाद फंड
अनुमानित रिटर्न
₹5,000 मंथली SIP
₹9 लाख
₹25.23 लाख
₹16.23 लाख
₹5 लाख एकमुश्त
₹5 लाख
₹27.37 लाख
₹22.37 लाख
इस हिसाब से ₹5 लाख का एकमुश्त निवेश करीब ₹2.14 लाख ज्यादा फंड बना सकता है। ध्यान देने वाली बात यह है कि SIP में आपने 15 साल में ₹9 लाख लगाए। जबकि एकमुश्त निवेश में सिर्फ ₹5 लाख लगाए। फिर भी एकमुश्त निवेश का फंड ज्यादा रहा।
एकमुश्त निवेश आगे क्यों निकल गया?
इसका सीधा कारण है समय। एकमुश्त निवेश में पूरे ₹5 लाख पहले दिन से बाजार में लग जाते हैं। यानी पूरी रकम को 15 साल तक कंपाउंडिंग का मौका मिलता है।
SIP में पैसा हर महीने थोड़ा-थोड़ा करके निवेश होता है। इसलिए पूरी रकम को 15 साल का समय नहीं मिलता। यही वजह है कि समान रिटर्न मानने पर एकमुश्त निवेश का फंड ज्यादा बनता है।
तो SIP कब बेहतर लगती है?
इसका मतलब यह नहीं है कि हर किसी को एकमुश्त निवेश ही करना चाहिए। अगर आपके पास ₹5 लाख पहले से हैं और आप 15 साल के लिए निवेश कर सकते हैं, तो एकमुश्त निवेश को लंबी कंपाउंडिंग का फायदा मिल सकता है।
लेकिन अगर आपके पास बड़ी रकम एक साथ नहीं है, तो SIP आसान रास्ता है। आप हर महीने अपनी कमाई में से ₹5,000 निवेश कर सकते हैं। इससे निवेश की आदत भी बनी रहती है।
साथ ही बाजार ऊपर-नीचे होता रहता है। SIP में पैसा अलग-अलग समय पर निवेश होता है। इसलिए पूरा पैसा एक ही समय के बाजार भाव पर लगाने का जोखिम नहीं रहता।
Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जागरूकता के लिए है। किसी भी निवेश, लोन, टैक्स, बीमा या दूसरे वित्तीय फैसले लेने से पहले संबंधित एक्सपर्ट्स से सलाह जरूर लें। मनीकंट्रोल किसी भी फाइनेंशियल प्रोडक्ट या सर्विस की सिफारिश नहीं करता।