Get App

Ashadha Gupt Navratri 2026: आज से शुरू हुई आषाढ़ गुप्त नवरात्रि, 10 महाविद्याओं की कृपा पाने के लिए राशि अनुसार करें ये उपाय

Ashadha Gupt Navratri 2026: आज से आषाढ़ माह की गुप्त नवरात्रि शुरू हो गई है। नौ दिनों तक चलने वाले इस पर्व में मां दुर्गा के नौ रूपों के साथ ही 10 महाविद्याओं की साधना की जाती है। इस अवधि में महाविद्याओं की कृपा पाने के लिए राशि अनुसार ये उपाय किए जा सकते हैं। आइए जानें

MoneyControl Newsअपडेटेड Jul 15, 2026 पर 11:08 AM
Ashadha Gupt Navratri 2026: आज से शुरू हुई आषाढ़ गुप्त नवरात्रि, 10 महाविद्याओं की कृपा पाने के लिए राशि अनुसार करें ये उपाय
कई भक्त इस दौरान राशि के हिसाब से खास उपाय भी करते हैं।

Ashadha Gupt Navratri 2026: हिंदू धर्म मां दुर्गा की पूजा और साधना का अवसर चैत्र और शारदीय नवरात्रि समेत साल में चार बार मिलता है। इनमें दो गुप्त नवरात्रि पर्व होते हैं, आषाढ़ गुप्त नवरात्रि और माघ गुप्त नवरात्रि। 9 दिनों की इस अवधि में शक्ति के उपासक मां दुर्गा के नौ रूपों के साथ ही 10 महाविद्याओं की भी साधना करते हैं, जो तंत्र शास्त्र में वर्णित देवी माँ के शक्तिशाली रूप हैं। इस साल आषाढ़ गुप्त नवरात्रि का पर्व आज 15 जुलाई से शुरू हो चुका है।

भक्तों का मानना है कि इन नौ दिनों के दौरान की गई सच्ची प्रार्थना, मंत्र जाप और पारंपरिक उपाय सेहत, करियर, कारोबार, परिवार और निजी जीवन से जुड़ी मुश्किलों को दूर करने में मदद कर सकते हैं, साथ ही खुशहाली और ईश्वरीय कृपा भी दिला सकते हैं। कई भक्त इस दौरान राशि के हिसाब से खास उपाय भी करते हैं, उनका मानना है कि इससे पॉजिटिव एनर्जी बढ़ती है और देवी मां का आशीर्वाद मिलता है।

क्यों करते हैं गुप्त नवरात्रि के दौरान 10 महाविद्याओं की पूजा?

गुप्त नवरात्रि के दौरान, भक्त आमतौर पर देवी दुर्गा की पूजा करते हैं और साथ ही खास मंत्रों और प्रसाद के जरिए 10 महाविद्याओं की पूजा भी करते हैं। पारंपरिक मान्यताओं के अनुसार, इन आध्यात्मिक तरीकों से दुश्मनों, बीमारी, बुरी नजर, प्रोफेशनल रुकावटों और घरेलू चुनौतियों से होने वाली मुश्किलों को दूर करने में मदद मिलती है।

गुप्त नवरात्रि 2026: राशि के हिसाब से उपाय

मेष : देवी काली को लाल फूल चढ़ाएं और उनका आशीर्वाद पाने के लिए "ॐ क्रीं कालिकायै नमः" का जाप करें।

वृष : देवी को नारियल चढ़ाएं और "ॐ ह्रीं छिन्नमस्तयै नमः" का जाप करें और श्रद्धा से प्रार्थना करें।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें