महाराष्ट्र के लातूर से एक प्रेरक मामला सामने आया है। यहां का 10 साल का बच्चा अरविंद राठौड़ देश भर के उन माता-पिता और बच्चों के लिए एक मिसाल बन गया है जो दिन का अधिकतर समय मोबाइल स्क्रीन पर बिताते हैं। सोशल मीडिया और ऑनलाइन गेमिंग की लत के इस दौर में इस बच्चे ने पढ़ाई और शारीरिक तंदुरुस्ती के प्रति जो जज्बा दिखाया है उसने हर किसी को हैरान कर दिया है। लातूर के एक शेल्टर होम में रहने वाले चौथी कक्षा के इस छात्र ने नए शैक्षणिक सत्र के पहले ही दिन अपने स्कूल पहुंचने के लिए 16 किलोमीटर लंबी दौड़ लगा दी। इस अनोखी पहल का मकसद बच्चों को मोबाइल स्क्रीन से दूर कर खेल के मैदान और किताबों की तरफ वापस लाना है।
