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AI इंजीनियर ने छोड़ी लाखों की नौकरी, अब ऑर्किड की खेती से हर हफ्ते कमा रहे 30 हजार रुपए

AI इंजीनियर ने मुबंई में अपनी अच्छी नौकरी छोड़कर अपने गांव छत्तीसगढ़ लौटने का फैसला किया। उन्होंने आधुनिक एरोपोनिक तकनीक की मदद से बिना मिट्टी के ऑर्किड फूलों की खेती शुरू की। आज उन्हें हर सप्ताह करीब 30 हजार रुपये की कमाई हो रही है

Edited By: Ankita Pandeyअपडेटेड Jun 20, 2026 पर 4:36 PM
AI इंजीनियर ने छोड़ी लाखों की नौकरी, अब ऑर्किड की खेती से हर हफ्ते कमा रहे 30 हजार रुपए
हर पौधे के लिए लगभग 1.5 किलोग्राम बायोचार की जरूरत पड़ती है (Photo: Canva)

आज के दौर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। बड़ी संख्या में युवा इस सेक्टर में करियर बनाने और अच्छी कंपनियों में नौकरी पाने का सपना देखते हैं। हाल ही में सोशल मीडिया पर पुष्पक साहू का एक कहानी तेजी से वायरल हो रही है। 28 साल के पुष्पक साहू मुंबई में AI इंजीनियर की नौकरी कर रहे थे और उनका करियर अच्छी तरह चल रहा था। लेकिन उन्होंने नौकरी छोड़कर अपने होम टाउन छत्तीसगढ़ लौटने का फैसला किया। गांव पहुंचकर उन्होंने खेती को अपना काम बनाया और कृषि क्षेत्र में कुछ नया करने की शुरुआत की। टेक डिपार्टमेंट की अच्छी नौकरी छोड़कर खेती अपनाने के कारण उनका ये फैसला लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया।

पुष्पक साहू ने मॉर्डन टेक्नोलॉजी का उपयोग करते हुए खेती में नया प्रयोग किया। उन्होंने पारंपरिक खेती की जगह ऐसी विधि अपनाई, जिसमें मिट्टी की जरूरत नहीं पड़ती और खास तरीके से ऑर्किड फूल उगाए जाते हैं। उनकी मेहनत और नई सोच से ये काम सफल व्यवसाय बन गया है। आज इससे हर सप्ताह करीब 30 हजार रुपये की कमाई हो रही है।

पुष्पक ने क्या कहा

इसके बाद पुष्पक ने PwC की नौकरी छोड़ दी, तीन महीने का नोटिस पीरियड पूरा किया और 2024 की शुरुआत में अपने गांव छत्तीसगढ़ वापस लौट गए।30स्टेड्स को दिए एक इंटरव्यू में पुष्पक ने कहा, “मैं छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले स्थित अपने पैतृक गांव लौट आया और एरोपोनिक तकनीक की मदद से व्यावसायिक स्तर पर ऑर्किड की खेती शुरू करने का फैसला किया।” पुष्पक साहू ने वर्ष 2022 में अर्बन प्लानिंग में मास्टर डिग्री हासिल करने के बाद मुंबई में एक बड़ी कंपनी में AI इंजीनियर के रूप में काम शुरू किया। करीब दो साल तक उन्होंने कॉर्पोरेट क्षेत्र में अपनी सेवाएं दीं।

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