Guru Gochar 2026: ज्योतिष शास्त्र में देवगुरु बृहस्पति का गोचर सबसे महत्वपूर्ण घटनाओं में से एक माना जाता है। चूंकि गुरु एक राशि में लगभग 12 महीने रहते हैं, इसलिए उन्हें सभी 12 राशियों का चक्कर लगाने में 12 वर्ष का समय लगता है। 2 जून 2026 को देवगुरु बृहस्पति मिथुन राशि से निकलकर अपनी उच्च राशि कर्क में प्रवेश करने जा रहे हैं। गुरु का अपनी उच्च राशि में आना एक अत्यंत शुभ और शक्तिशाली ज्योतिषीय घटना है। गुरु की उच्च स्थिति का सभी 12 राशियों और लग्नों पर गहरा असर पड़ेगा। लेकिन 6 राशियों के जातकों को इस गोचर का शुभ परिणाम मिलेगा। इस गोचर के प्रभाव से इन्हें संतान सुख और विवाह के मामले में सकारात्मक परिणाम मिलेंगे। छात्रों के लिए यह समय स्वर्ण काल साबित हो सकता है। वहीं, गुरु के प्रभाव से प्रॉपर्टी और आर्थिक मामलों में भी बड़ा फायदा हो सकता है।
