May WPI : मई 2025में देश की थोक महंगाई दर 14 महीने के निचले स्तर पर आ गई है। मई महीने की थोक महंगाई दर (WPI) 0.39 फीसदी पर रही है। जबकि अप्रैल 2024 में ये 0.85 फीसदी पर रही थी। मई में थोक महंगाई के 0.80 फीसदी पर रहने का अनुमान लगाया गया था। मई 2025 में थोक महंगाई दर 14 मार्च 2024 के बाद सबसे निचले स्तर पर रही है। मई में कोर WPI महीने दर महीने आधार पर 1.5 फीसदी से घटकर 0.9 फीसदी पर रही है।
महीने दर महीने आधार पर मई 2025 में प्राइमरी आर्टिकल की थोक महंगाई (WPI) अप्रैल के -1.44 फीसदी से घटकर -2.02 फीसदी पर रही है। वहीं, खाने-पीने की चीजों की थोक महंगाई, अप्रैल के 2.55 फीसदी से घटकर 1.72 फीसदी पर रही है। मई में देश की मैन्युफैक्चरिंग WPI अप्रैल के 2.62 फीसदी से घटकर 2.04 फीसदी पर रही है।
मई में आलू की थोक महंगाई अप्रैल के -24.30 फीसदी से घटकर -29.42 फीसदी पर रही है। वहीं, फ्यूल एंड पावर की WPI अप्रैल के -2.18 फीसदी से घटकर -2.27 फीसदी पर रही है। मई 2025 में प्याज की थोक महंगाई दर अप्रैल के 0.20 फीसदी से घटकर -14.41 फीसदी पर रही है। वहीं, सब्जियों की थोक महंगाई अप्रैल के -18.26 फीसदी से घटकर -21.62 फीसदी पर रही है।
मई में अंडे,मांस और मछली की थोक महंगाई अप्रैल के-0.29 फीसदी से घटकर -1.01 फीसदी पर रही है। जबकि अनाज की महंगाई दर महीने दर महीने आधार पर 3.81 फीसदी से घटकर 2.56 फीसदी पर रही है। मई में दूध की थोक महंगाई अप्रैल के 0.59 फीसदी से बढ़कर 2.66 फीसदी पर रही है।
मई में रिटेल महंगाई के मोर्चे पर भी बड़ी राहत
मई में रिटेल महंगाई के मोर्चे पर भी बड़ी राहत मिली है। 12 जून को आए आंकड़ों के मुताबिक इस अवधि में देश की रिटेल महंगाई दर 6 साल के निचले स्तर पर आ गई है। रिटेल महंगाई अप्रैल के 3.16 फीसदी से घटकर 2.82 फीसदी पर आ गई है। हालांकि इसके 2.95 फीसदी पर रहने का अनुमान किया गया था। मई में खाने-पीने की चीजों की महंगाई 0.99 फीसदी पर रही है। इसके 1.8 फीसदी पर रहने का अनुमान था। मई CPI फरवरी 2019 के निचले स्तर पर रही है।