CBSE Class 12 Board Exams 2026: बोर्ड परीक्षा के बाद कॉपियों के मूल्यांकन में तेजी लाने और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने 12वीं कक्षा की मार्किंग के लिए नई वयवस्था लागू की है। बोर्ड ने 12वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षा की आंसर शीट के मूल्यांकन के लिए ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) शुरू करने का फैसला किया है। इस फैसले की घोषणा करते हुए, सीबीएसई के एग्जामिनेशन कंट्रोलर, डॉ. संयम भारद्वाज ने कहा कि बोर्ड मूल्यांकन प्रक्रिया में कुशलता और पारदर्शिता बढ़ाने की अपनी लगातार कोशिशों के तहत ऑन-स्क्रीन मार्किंग शुरू कर रहा है। हालांकि, सीबीएसई ने साफ किया कि 10वीं कक्षा की आंसर शीट का मूल्यांकन 2026 में फिजिकल मोड में ही होगा।
संबद्ध स्कूलों में 11वीं-12वीं के शिक्षकों का डाटा अपडेट करने का निर्देश
बोर्ड ने स्कूलों को ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) लागू करने के लिए OASIS पोर्टल पर 11वीं और 12वीं कक्षा के टीचरों की जानकारी अपडेट करने का निर्देश दिया गया है। बोर्ड ने इस संबंध में सभी सीबीएसई स्कूलों के लिए एक जरूरी नोटिस जारी किया है। बोर्ड ने साफ किया कि 11वीं और 12वीं कक्षा को पढ़ाने वाले सभी टीचरों को ओएसएम इवैल्यूएशन के लिए तैनात किया जाएगा ताकि इस प्रक्रिया को समय पर पूरा कर रिजल्ट घोषित किए जा सकें।
13 फरवरी तक टीचरों का डाटा अपडेट करें
सीबीएसई ने सभी एफिलिएटेड स्कूलों को 13 फरवरी, 2026 को शाम 4:00 बजे तक OASIS पोर्टल पर टीचरों का जरूरी डेटा अपडेट करने का निर्देश दिया है। साथ ही, निर्देशों का पालन न करने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है। किसी भी तरह की गड़बड़ी को मूल्यांकन प्रक्रिया में बाधा डालने की कोशिश माना जाएगा। ऐसे स्कूलों के रिजल्ट घोषित नहीं किए जाएंगे, और बोर्ड के एग्जामिनेशन और एफिलिएशन बाय-लॉज के तहत आगे की कार्रवाई की जा सकती है।
बोर्ड ने आगे कहा कि मूल्यांकन शुरू होने से पहले टीचरों को जरूरी ट्रेनिंग दी जाएगी। इसके लिए, टीचरों को ओएसएम पोर्टल एक्सेस करने के लिए लॉगिन क्रेडेंशियल जारी किए जाएंगे, जिसमें लॉगिन डिटेल्स और OTP उनके रजिस्टर्ड ईमेल ID और मोबाइल नंबर पर शेयर किए जाएंगे।
क्यों पड़ी ओएसएम की जरूरत
बोर्ड ने 12वीं कक्षा की आंसर शीट के लिए डिजिटल मूल्यांकन में बदलाव के पीछे कई कारण बताए हैं :