आवारा कुत्तों के काटने की बढ़ती घटनाओं और उनके प्रबंधन को लेकर इन दिनों देशभर में गंभीर चर्चा चल रही है। सड़क पर रहने वाले कुत्तों की सुरक्षा और आम लोगों की सुरक्षा—दोनों के बीच संतुलन बनाने को लेकर अलग-अलग राय सामने आ रही हैं। इसी मुद्दे पर अब पंजाबी सिंगर और अभिनेता मीका सिंह ने अपनी बात रखी है। जानवरों के प्रति अपनी संवेदनशीलता दिखाते हुए मीका सिंह ने भारत के सुप्रीम कोर्ट से एक खास अपील की है। उन्होंने साफ कहा कि इस समस्या का हल किसी भी तरह की क्रूरता नहीं, बल्कि जिम्मेदार और मानवीय व्यवस्था से निकाला जाना चाहिए।
मीका का मानना है कि अगर सही तरीके से देखभाल, शेल्टर और प्रबंधन किया जाए तो आवारा कुत्तों से जुड़े कई विवाद अपने आप खत्म हो सकते हैं। उनके इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर बहस और तेज हो गई है और लोग उनके कदम को सराह भी रहे हैं।
सुप्रीम कोर्ट से मीका सिंह की भावुक गुजारिश
मीका सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट साझा कर सुप्रीम कोर्ट से अनुरोध किया कि सड़कों पर रहने वाले कुत्तों के खिलाफ कोई भी ऐसा फैसला न लिया जाए, जिससे उन्हें नुकसान पहुंचे। उन्होंने कहा कि समस्या का हल हिंसा नहीं, बल्कि सही प्रबंधन और देखभाल है।
10 एकड़ जमीन दान करने का ऐलान
आवारा कुत्तों के प्रति अपनी हमदर्दी दिखाते हुए मीका सिंह ने बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि वो इन कुत्तों की देखभाल और सुरक्षा के लिए 10 एकड़ जमीन दान करने को तैयार हैं। मीका के मुताबिक, उनके पास पर्याप्त जमीन है, जिसका इस्तेमाल कुत्तों के लिए शेल्टर होम और जरूरी सुविधाएं बनाने में किया जा सकता है।
सिर्फ जमीन नहीं, बेहतर देखभाल भी जरूरी
मीका सिंह ने साफ किया कि केवल जमीन दान कर देना ही काफी नहीं है। कुत्तों की सही देखभाल के लिए प्रशिक्षित कर्मचारी, केयरटेकर और मेडिकल सुविधाएं भी उतनी ही जरूरी हैं। उनका कहना है कि अगर जिम्मेदारी से इन जानवरों का ख्याल रखा जाए, तो कुत्तों और इंसानों के बीच बढ़ते टकराव को कम किया जा सकता है।
मीका की अपील ऐसे समय आई है, जब सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि उसने आवारा कुत्तों को सड़कों से हटाने का कोई आदेश नहीं दिया है। अदालत का फोकस पशु जन्म नियंत्रण (ABC) नियम 2023 के तहत बेहतर प्रबंधन पर है। कुत्तों के काटने के बढ़ते मामलों और नियमों के सही पालन न होने के कारण कोर्ट को इस मुद्दे में हस्तक्षेप करना पड़ा।