केजीएफ स्टार यश और रणवीर सिंह के बीच बॉलीवुड-साउथ का अनकहा सम्मान हमेशा चर्चा में रहता है। अब जब यश की 'टॉक्सिक' और रणवीर की 'धुरंधर 2' 19 मार्च को बॉक्स ऑफिस पर भिड़ने वाली हैं, पुरानी बातें फिर सुर्खियां बटोर रही हैं। सालों पहले यश ने खुलासा किया था कि 'बाजीराव मस्तानी' देखने के बाद उनका रणवीर के प्रति नजरिया पूरी तरह बदल गया। पहले उन्हें रणवीर का काम पसंद नहीं आता था, लेकिन संजय लीला भंसाली की इस महाकाव्य ने सब कुछ उलट दिया।
यश ने एक इंटरव्यू में बताया, "मुझे रणवीर का शुरुआती काम पसंद नहीं था। लेकिन 'बाजीराव मस्तानी' ने मुझे गलत साबित कर दिया।" 2015 की यह फिल्म रणवीर के करियर का टर्निंग पॉइंट बनी। मराठा योद्धा बाजीराव के किरदार में रणवीर ने इतना दम दिखाया कि दर्शक-क्रिटिक्स दंग रह गए। भंसाली के निर्देशन में दीपिका पादुकोण (मस्तानी) और प्रियंका चोपड़ा (काशीबाई) संग त्रिकोण प्रेमकथा ने 356 करोड़ वर्ल्डवाइड कमाए। रणवीर ने मराठी सीखी, वजन बढ़ाया, तलवारबाजी में महारत हासिल की। यश जैसे साउथ सुपरस्टार को प्रभावित करना छोटी बात नहीं है। KGF के बाद यश खुद पैन-इंडिया स्टार बने, इसलिए रणवीर की मेहनत समझ आई।
अब दोनों एक्टर की फिल्म की क्लैश की चर्चा तेज हो गई है। 'टॉक्सिक' यश का KGF 2 के बाद पहला बड़ा प्रोजेक्ट है और यह अंडरग्राउंड गैंगस्टर की कहानी है। वहीं 'धुरंधर 2' असली घटनाओं से प्रेरित स्पाई थ्रिलर, रणवीर के हाम्जा रोल के साथ रिलीज होने वाली है। ‘बाजीराव मस्तानी’ में रणवीर सिंह ने पेशवा बाजीराव का किरदार निभाया था, जिसे आलोचकों और दर्शकों ने खूब सराहा। यश का मानना है कि इस फिल्म ने रणवीर को एक नए स्तर पर पहुंचा दिया। “उनकी परफॉर्मेंस इतनी प्रभावशाली थी कि मुझे लगा, यह कलाकार सिर्फ स्टार नहीं बल्कि एक सच्चा परफॉर्मर है,” यश ने कहा।
यश का यह खुलासा बताता है कि ‘बाजीराव मस्तानी’ रणवीर सिंह के करियर की टर्निंग पॉइंट फिल्म रही। इसने न सिर्फ दर्शकों बल्कि इंडस्ट्री के बड़े कलाकारों की राय भी बदल दी। यश का बयान इस बात का सबूत है कि सिनेमा की ताकत कलाकारों को नए नजरिए से देखने पर मजबूर कर सकती है।