हार्ट अटैक को लोग अक्सर एक ऐसी अचानक होने वाली गंभीर घटना मानते हैं, जो बिना किसी चेतावनी के आ जाती है। लेकिन हेल्थ एक्सपर्ट्स का कहना है कि यह सोच पूरी तरह सही नहीं है। असल में, शरीर हार्ट अटैक से पहले कई छोटे और बड़े संकेत देने लगता है, जिन्हें समय पर पहचान लिया जाए तो बड़ी परेशानी से बचा जा सकता है और जान भी बचाई जा सकती है। ये चेतावनी संकेत कभी बहुत साफ नजर आते हैं, तो कभी इतने हल्के होते हैं कि लोग उन्हें सामान्य थकान, गैस या कमजोरी समझकर नजरअंदाज कर देते हैं। यही लापरवाही आगे चलकर जानलेवा साबित हो सकती है।
इसलिए जरूरी है कि हम शरीर के इन संकेतों को गंभीरता से समझें और समय पर सतर्क हो जाएं। आइए जानते हैं कि हार्ट अटैक आने से पहले शरीर किस तरह के संकेत देना शुरू कर देता है और किन लक्षणों को बिल्कुल भी नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
हर बार तेज सीने का दर्द जरूरी नहीं
डॉ. प्रीतम गायकवाड़ के फेसबुक के पोस्ट के अनुसार, हार्ट अटैक में हमेशा सीने में तेज दर्द ही हो, यह जरूरी नहीं है। कई बार ये जलन, भारीपन या दबाव जैसा महसूस होता है। यह दर्द धीरे-धीरे पेट के ऊपरी हिस्से तक भी पहुंच सकता है, जिससे लोग इसे पाचन की समस्या समझ लेते हैं।
पेट की समस्या समझने की गलती
कई मामलों में शुरुआती लक्षण पेट दर्द, उल्टी, डकार और जलन जैसे होते हैं। लोग इन्हें एसिडिटी या गैस मानकर दवा ले लेते हैं। यही गलती सबसे ज्यादा खतरनाक साबित होती है, क्योंकि असल में यह दिल की समस्या का संकेत हो सकता है।
इलाज में देरी बन सकती है खतरा
लोग अक्सर इन लक्षणों को सामान्य पाचन समस्या समझकर घर पर ही इलाज शुरू कर देते हैं। लेकिन अगर सीने में जलन और पेट में असहजता अचानक और अलग तरह से महसूस हो, तो इसे हल्के में नहीं लेना चाहिए।
खराब लाइफस्टाइल बढ़ा रही जोखिम
आजकल तनाव, गलत खानपान, कम नींद और फिजिकल एक्टिविटी की कमी दिल की बीमारियों को बढ़ा रही है। ऐसे में शरीर के छोटे संकेतों को समझना और समय पर ध्यान देना बहुत जरूरी हो गया है।
कब तुरंत सावधान होना चाहिए
अगर अचानक सीने में जलन, पेट के ऊपरी हिस्से में भारीपन, उल्टी जैसा महसूस होना और कमजोरी साथ में हो, तो यह खतरे का संकेत हो सकता है। ऐसी स्थिति में देरी करना सही नहीं है।
तुरंत अस्पताल जाना क्यों जरूरी है
ऐसे लक्षणों में घर पर दवा या घरेलू उपायों पर भरोसा करना खतरनाक हो सकता है। तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना और अस्पताल जाना ही सुरक्षित विकल्प है।
डिस्क्लेमर: यह लेख सिर्फ सामान्य जानकारी के लिए है। किसी भी तरह से किसी दवा या इलाज का विकल्प नहीं हो सकता। ज्यादा जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से संपर्क करें।