शरीर में यूरिक एसिड का बढ़ना एक आम समस्या है। डॉक्टरी भाषा में या मेडिकल भाषा में इसे हाइपरयूरिसीमिया कहा जाता है। इसके बढ़ने से व्यक्ति को जोड़ों में सूजन और दर्द की की बीमारी गाउट हो सकता है। जोड़ों के अंदर यूरिक एसिड के कण (क्रिस्टल) बनने से उनमें गंभीर सूजन और दर्द होता है। यूरिक एसिड को कम करने में खानपान में बदलाव के साथ ही एक्सरसाइज का बहुत बड़ा रोल होता है। इससे किडनी के कामकाज में सुधार आता है और शरीर की मेटाबॉलिक दर भी बेहतर होती है, जिससे यूरिक एसिड धीरे-धीरे कम होने लगता है। एक्सरसाइज करने से शरीर का वजन भी कम होता है, जिससे यूरिक एसिड की समस्या में आराम मिलता है। यहां बताई जा रही तीन एक्सरसाइज को करने से तीन महीने में यूरिक एसिड का स्तर कम होने लगता है।
बढ़े हुए यूरिक एसिड या गाउट के लक्षण वाले लोगों के लिए एक्सरसाइज का सबसे सरल और सुरक्षित तरीका है चलना या वॉक। इसका शरीर पर बहुत भार नहीं होता, ब्लड सर्कुलेशन में सुधार आता है और जोड़ों का लचीलापन बेहतर होता है। नियमित वॉक से किडनी की कार्यप्रणाली प्रभावी होती है, जिससे शरीर से यूरिक एसिड पेशाब के रास्ते बाहर निकलता है। इसके अलावा बढ़े यूरिक एसिड का सीधा संबंध मोटापे से है, व्यायाम के तौर पर वॉक करने से वजन को नियंत्रित करने में मदद मिलती है। नतीजतन यूरिक एसिड नियंत्रित होता है। रोजना 30 मिनट तेज चाल से चलना बहुत राहत दे सकता है।
गाउट और आर्थराइटिस प्रभावित जोड़ों की देखभाल में स्विंग और अन्य वाटर एरोबिक्स जैसे व्यायाम बहुत कारगर माने जाते हैं। पानी में शरीर का भार कम होने से शरीर के कई मूवमेंट के लिए बेहतर माहौल बनता है जो गाउट या गठिया से ग्रस्त जोड़ों पर दबाव कम करता है। यह व्यायाम मांसपेशियों को मजबूत करते हुए और दिल की सेहत बेहतर करता है। नियमित रूप से स्विमिंग से गुर्दे की कार्यक्षमता और मेटाबॉलिक दर दोनों में सुधार होता है, जो यूरिक एसिड को कम करने के लिए जरूरी हैं।
योग एक सौम्य व्यायाम प्रणाली है जिसमें स्ट्रेचिंग की प्रक्रिया को सांस लेने के तरीके और माइंडफुलनेस प्रशिक्षण के साथ जोड़ा जाता है। कोबरा पोज (भुजंगासन) और स्पाइनल ट्विस्ट (अर्ध मत्स्येन्द्रासन) ब्लड सर्कुलेशन और किडनी की कार्यक्षमता में सुधार करते हैं, जिससे डिटॉक्स तत्व और यूरिक एसिड शरीर से बाहर निकलता है। रोज 20-30 मिनट का नियमित योग अभ्यास या सप्ताह में तीन से चार बार आसन करने से तीन महीने की अवधि में यूरिक एसिड के स्तर को कम करने में मदद मिलती है।
यूरिक एसिड को कम करने में एक्सरसाइज के साथ ही खानपान में बदलाव करने से भी मदद मिलती है। यूरिक एसिड के बढ़े स्तर को कम करने के लिए रेड मीट, ऑर्गन मीट, शेलफिश और तैलीय मछली खाने से बचना चाहिए, क्योंकि ये चीजें शरीर में यूरिक एसिड के स्तर को बढ़ाती हैं। अंडे, कम वसा वाले डेयरी उत्पाद, फलियां और पादप-आधारित प्रोटीन स्रोत में कम प्यूरीन होता है। इन्हें अपनी डाइट में जगह देनी चाहिए। इसके अलावा ताजे फल और सब्जियों का सेवन यूरिक एसिड और सूजन को कम कर सकता है।
डिस्क्लेमर: यह लेख सिर्फ सामान्य जानकारी के लिए है। किसी भी तरह से किसी दवा या इलाज का विकल्प नहीं हो सकता। ज्यादा जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से संपर्क करें