Chirag Tyagi Murder Case: उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में शनिवार 30 मई को 25 वर्षीय गोल्ड मेडलिस्ट पैरा एथलीट चिराग त्यागी का शव बरामद किया गया। पुलिस बताया कि त्यागी का शव गाजियाबाद जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र के साई उपवन में मिला। उन्होंने बताया कि मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस के मुताबिक पैरा एथलीट को गोली मारी गई थी। पुलिस ने बताया कि एथलीट गाजियाबाद का निवासी था। नेशनल पैरा एथलीट की मौत ने गाजियाबाद में आक्रोश का महौल पैदा कर दिया है।
पुलिस के अनुसार, चिराग सुबह दिल्ली स्थित अपने हॉस्टल से अपने पैतृक गांव मुरादनगर के बसंतपुर सैतली के लिए निकले थे। शुरू जांच के दौरान उनकी पीठ पर एक छेद पाया गया। पुलिस तथा फोरेंसिक टीमें मौत के कारणों का पता लगाने के लिए सभी पहलुओं से जांच कर रही हैं।
एथलीट चिराग त्यागी का हत्यारोपी यश खटीक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि चिराग और यश एक साथ प्रैक्टिस करते थे। पैरा एथलीट खेलों में क्वालिफिकेशन के लिए यश ने कुछ फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल किया था। इसको लेकर चिराग ने अथॉरिटी से उसकी शिकायत कर दी। उसके बाद यश का क्वालिफिकेशन रूक गया। यश इसी कारण चिराग से रंजिश रखता था। उसने मौके देखकर चिराग की गोली मारकर हत्या कर दी। पुलिस ने बताया कि आरोपी यश खटीक खुद भी एक पैरालिंपिक एथलीट है। उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया है।
एक सीनियर पुलिस अधिकारी ने रविवार सुबह पत्रकारों को बताया कि पहली नजर में यह मामला हत्या का लग रहा है। सीसीटीवी फुटेज में एक संदिग्ध दिखा, जिसे हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। उन्होंने बताया कि उसने हत्या की बात कबूल कर ली है। आरोपी की पहचान यश खटीक के रूप में हुई है। अधिकारियों ने इसे बदले की भावना से की गई हत्या बताया है।
दो पैरालंपिक एथलीटों के बीच आपसी रंजिश के मामले पर पुलिस उपायुक्त धवल जायसवाल ने कहा, "वह चिराग त्यागी के साथ प्रैक्टिस भी करता था। दोनों ही 'दृष्टिहीन' (Blind) कैटेगरी के तहत एथलेटिक्स प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेते थे... उसने बदला लेने के लिए पिस्तौल से गोली मारकर उसकी हत्या कर दी। उसकी पिस्तौल बरामद करने के लिए उसे पुलिस थाने भेजा गया है। इस संबंध में आगे की जांच की जा रही है। इस घटना में अन्य लोगों की संलिप्तता को लेकर भी जांच-पड़ताल की जा रही है।"
चिराग त्यागी हाल ही में हुई इंडियन ओपन पैरा एथलेटिक्स इंटरनेशनल चैंपियनशिप में 400 मीटर के चैंपियन थे। मोदीनगर के साथली गांव के रहने वाले त्यागी दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम स्थित SAI सेंटर के हॉस्टल में रहते थे। चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीतने के बाद एशियन पैरा गेम्स के लिए अपनी योग्यता का जश्न मनाने के लिए वह अपने घर के लिए निकले थे।
CCTV फुटेज से पता चला कि वह शनिवार सुबह करीब 9:12 बजे दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम स्थित SAI सेंटर के हॉस्टल से निकला था। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि वह गाजियाबाद कब पहुंचा। लेकिन शनिवार देर रात करीब 12:30 बजे साई उपवन के जंगल में राहगीरों ने उसका शव देखा। चिराग त्यागी ने मार्च में राष्ट्रीय प्रतियोगिता में दो मेडल हासिल किए थे। राष्ट्रीय प्रतियोगिता में 400 मीटर दौड़ में गोल्ड मेडल हासिल करने के साथ उन्होंने एशियन गेम्स के लिए भी क्वालिफाई कर लिया था।
गर्लफ्रेंड कर रही थी इंतजार
उसका मोबाइल फोन बज रहा था। एक राहगीर ने आवाज सुनकर फोन उठाया। दूसरी तरफ चिराग की गर्लफ्रेंड थी। उसने चिराग की गर्लफ्रेंड को इस घटना के बारे में बताया, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। उसके शरीर और चेहरे पर चोट के निशान थे।
कुछ रिपोर्टों में दावा किया गया है कि उसे पीठ में सुई से भी गोदा गया था। इसके अलावा उसे बिजली का झटका भी दिया गया था। पहले चिराग को अपनी महिला मित्र से मिलना था। इसके बाद उन्हें गांव जाना था। इस कारण उनकी प्रेमिका इंदौर से आई थी। वह चिराग का रेलवे स्टेशन पर इंतजार कर रही थी। वह लगातार चिराग को कॉल कर रही थीं। चिराग के पिता मनोज त्यागी किसान है।