Dehradun Hatyakand News: उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में एक हिंदू नेता की हत्या के बाद भारी बवाल मच गया है। जिस युवक की हत्या हुई है उसकी पहचान बीजेपी नेता विनोद कश्यप के तौर पर हुई है। बताया जा रहा है कि बैरागीवाला गांव में हुई झड़प में भारतीय जनता पार्टी के 44 वर्षीय स्थानीय पदाधिकारी विनोद की कथित तौर पर पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। जबकि उसके परिवार के तीन सदस्य गंभीर रूप से घायल हो गए। देहरादून जिले के सहसपुर पुलिस स्टेशन इलाके के बैरागीवाला गांव में शनिवार 13 जून देर शाम पानी को लेकर हुए झगड़े के बाद सांप्रदायिक हिंसा भड़क गई।
पुलिस ने इस घटना के सिलसिले में तीन नामजद आरोपियों और 25 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। झड़प के बाद से गांव में तनाव बना हुआ है। पुलिस के अनुसार, विनोद की शनिवार को सिंचाई को लेकर हुए एक विवाद में हत्या कर दी गई। इस घटना के बाद प्रशासन ने आरोपियों से जुड़े कथित अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाकर उन्हें गिरा दिया। इस दौरान मौके पर मौजूद भीड़ ने 'जय श्री राम' के नारे लगाए।
इम्तियाज से पानी को लेकर हुआ था विवाद
पुलिस के मुताबिक, शनिवार शाम छह बजे से साढ़े छह बजे बजे के बीच विनोद का अपने ही गांव के इम्तियाज के खेत की सिंचाई को लेकर विवाद हो गया था। आरोप है कि गुस्साई भीड़ ने पहले आरोपियों के घरों पर पत्थरबाजी की और बाद में उनमें से एक घर में आग लगा दी। इलाके में पुलिस बल तैनात है और स्थिति को और बिगड़ने से रोकने के लिए हालात पर नज़र रखी जा रही है। न्यूज 18 के मुताबिक, सहसपुर कोतवाली क्षेत्र के बैरागीवाला के पूर्व प्रधान इस्पाक के भतीजे और अन्य लोगों ने मिलकर विनोद कश्यप उसके भाई अशोक और राजेश पर हथियारों से हमला कर दिया।
पुलिस के मुताबिक, विवाद के बाद लाठियों, लकड़ी के पट्टों, हथौड़ों और फावड़ों से लैस 40 से अधिक लोगों का एक ग्रुप विनोद के घर पहुंचा और परिवार पर हमला कर दिया। पुलिस ने बताया कि सिर पर हथौड़े से वार किए जाने के कारण विनोद की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस के अनुसार हमले में विनोद के भाइयों अशोक और राजेश तथा भाभी सुषमा गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया।
मृतक विनोद BJP के युवा मोर्चा के नेता बताए जा रहे हैं। वह पूर्व में बीडीसी का चुनाव भी लड़ चुके हैं। एक पक्ष हिंदू और दूसरा मुस्लिम होने के कारण विवाद ने सांप्रदायिक रंग ले लिया है। पुलिस के अनुसार मृतक के भाई अशोक की शिकायत के आधार पर 12 नामजद आरोपियों और 30 से 35 अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या, दंगा सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस ने बताया कि शनिवार शाम को देहरादून में विनोद की हत्या कर दी गई और उसके परिवार पर हमला किया गया। ऐसा कहा जा रहा है कि पड़ोसियों ने अपने खेतों में सिंचाई के झगड़े में हमला किया। इस घटना से इलाके में सांप्रदायिक तनाव फैल गया है। तनाव को और बढ़ने से रोकने के लिए बड़ी संख्या में पुलिस तैनात की गई है।
पुलिस के मुताबिक, विनोद कुमार और उसके परिवार का अपने पड़ोसी इम्तियाज के साथ खेतों में पानी की सप्लाई को लेकर झगड़ा चल रहा था। शनिवार शाम को इस झगड़े के बाद सांप्रदायिक हिंसा भड़क गई। इससे कुमार की मौत हो गई। मामले में शिकायत करने वाले कुमार के भाई अशोक समेत परिवार के तीन और सदस्यों का अस्पताल में इलाज चल रहा है।
अधिकारियों ने बताया कि इस मामले में अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। लेकिन आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस टीमें तैनात की गई हैं। घटना के बाद, इलाके में मेजोरिटी कम्युनिटी के ग्रुप और रहने वाले इकट्ठा हो गए। माइनॉरिटी के खिलाफ नारे लगाए और आरोपियों के एनकाउंटर और उनके घरों को बुलडोजर से गिराने की मांग की।
सहसपुर सर्कल ऑफिसर अनुज कुमार ने इंडियन एक्सप्रेस से कहा कि इलाके से सांप्रदायिक माहौल की खबर मिली है। CO ने कहा, "हमारे पास ऐसे वीडियो हैं जिनमें ऐसे भाषण दिए गए थे। हम उनकी जांच करेंगे। हालांकि, हमारी प्राथमिकता कानून-व्यवस्था बनाए रखना है। हमने इलाके को मैनेज करने के लिए चार पुलिस स्टेशनों के ऑफिसर, दो सर्कल ऑफिसर और सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस, क्राइम को तैनात किया है।" उन्होंने आगे कहा कि आरोपियों के खिलाफ जांच और कार्रवाई करने के लिए टीमें तैनात की गई हैं।
FIR में रज्जाक, इम्तियाज, अमन, यूनुस, शाहबाज, शराफत अली, मासूम, आदिल, शमून, सलमान, जावेद और इंतजार के नाम शामिल हैं। शिकायत के मुताबिक, अशोक कुमार ने कहा कि उनका अपने पड़ोसी इम्तियाज के साथ पानी को लेकर झगड़ा चल रहा था। शिकायत में कहा गया है, "शनिवार शाम करीब 6 बजे रज्जाक, इम्तियाज, अमन, यूनुस, शाहबाज, शराफल अली, मासूम, आदिल, शमून, सलमान, जावेद, इंतजार (सभी पर केस दर्ज) और करीब 30-35 दूसरे लोग हमारे घर आए। उनके पास डंडे, लकड़ी के तख्ते और एक हथौड़ा था। एक ही इरादे से उन्होंने हमारे परिवार के लोगों पर जानलेवा हमला कर दिया।"
FIR हत्या, मर्डर की कोशिश, दंगा और कॉमन इंटेंशन की धाराओं के तहत दर्ज की गई थी। रिपोर्ट के मुताबिक, रजाक, इंतियाज, सलमान और अमन समेत कुल 13 आरोपी नामजद हैं। आरोपियों को पुलिस खोज रही है। इस बीच, दक्षिणपंथी संगठनों के कार्यकर्ताओं ने आरोपियों के घरों पर कथित तौर पर पथराव किया और उनकी संपत्ति में तोड़फोड़ की। शनिवार रात गांव में प्रांतीय सशस्त्र कांस्टेबुलरी की भी तैनाती की गई।