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'INDIA' गठबंधन की रैली से दिल्ली के व्यापारियों का 11,000 करोड़ रुपये का नुकसान! कारोबारियों ने की मुआवजे की मांग

Delhi traders business: दिल्ली में INDIA ब्लॉक की रैली अब राजनीतिक चर्चा के साथ-साथ कारोबारियों के विरोध का मुद्दा भी बन गई है। व्यापारियों ने आरोप लगाया है कि 1 नवंबर को रामलीला मैदान में आयोजित INDIA ब्लॉक की बड़ी रैली के चलते दिल्ली के कई प्रमुख बाजारों में कारोबार बुरी तरह प्रभावित हुआ। व्यापारियों के मुताबिक, रैली के कारण करीब 2.5 लाख दुकानें बंद रहीं और उन्हें लगभग 10 हजार से 11 हजार करोड़ रुपये तक के कारोबार का नुकसान उठाना पड़ा

Akhilesh Nath Tripathiअपडेटेड Nov 02, 2026 पर 2:41 PM
'INDIA' गठबंधन की रैली से दिल्ली के व्यापारियों का 11,000 करोड़ रुपये का नुकसान! कारोबारियों ने की मुआवजे की मांग
दिल्ली के व्यापारियों का दावा है कि INDIA गठबंधन की रैली के कारण 11,000 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ

Delhi traders business: दिल्ली के व्यापारियों ने दावा किया है कि रविवार (1 नवंबर) को रामलीला मैदान में विपक्षी अलायंस 'INDIA' गठबंधन की मेगा रैली के कारण हुए व्यवधानों से उन्हें लगभग 10,000 से 11,000 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। व्यापारियों का आरोप है कि इस रैली की वजह से दिवाली की अहम खरीदारी के सीजन के दौरान राष्ट्रीय राजधानी के कई प्रमुख व्यावसायिक केंद्रों में कामकाज लगभग ठप हो गया। 'चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री' (CTI) के अनुसार, रैली स्थल के आसपास के बाजारों में लगभग 80 प्रतिशत दुकानें बंद रहीं। ऐसा ट्रैफिक पाबंदियों, सड़कों के बंद होने और भारी भीड़ जुटने की आशंका के चलते हुआ।

बता दें कि कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने रविवार को विपक्षी गठबंधन की प्रस्तावित रैली से एक दिन पहले शनिवार को लोगों से दिल्ली के व्यापारियों और दुकानदारों से खरीदारी करने की अपील की थी। कांग्रेस सांसद ने कहा था कि इससे त्योहारों के मौसम में उन्हें फायदा होगा। गांधी ने कहा कि रैली में हिस्सा लेने के लिए बड़ी संख्या में लोग बाहर से दिल्ली आ रहे हैं और उन्हें प्रदर्शन तथा मार्च में भाग लेने के साथ-साथ स्थानीय दुकानदारों से खरीदारी भी करनी चाहिए।

2.5 लाख दुकानें बंद

CTI के चेयरमैन बृजेश गोयल ने सोमवार को बताया कि रविवार को 20-25 प्रमुख बाजारों में मौजूद लगभग तीन लाख दुकानों में से करीब 2.5 लाख दुकानें बंद रहीं। गोयल ने कहा कि इन दुकानों के बंद रहने से न केवल खुदरा व्यापारी, बल्कि थोक व्यापारी, सप्लायर, ट्रांसपोर्टर और वे खरीदार भी प्रभावित हुए, जो कारोबार के सिलसिले में अक्सर आसपास के शहरों से दिल्ली आते हैं। न्यूज एजेंसी ANI से बात करते हुए, गोयल ने कहा कि कामकाज में आई इस रुकावट के कारण व्यापारी समुदाय को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है।

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