तमिलनाडु विधानसभा चुनाव 2026 से पहले एक बड़ा राजनीतिक फैसला सामने आया है। अभिनेता से नेता बने कमल हासन की पार्टी मक्कल निधि मय्यम (MNM) ने इस बार चुनाव न लड़ने का निर्णय लिया है। पार्टी ने साफ कर दिया है कि वह खुद मैदान में उतरने के बजाय DMK के नेतृत्व वाले गठबंधन को बिना किसी शर्त के समर्थन देगी। यह घोषणा ऐसे समय पर की गई है, जब DMK और उसके सहयोगी दल पहले ही सीटों के बंटवारे पर सहमति बना चुके हैं। यानी गठबंधन के अंदर कौन-सी पार्टी कितनी सीटों पर चुनाव लड़ेगी, इसकी पूरी योजना तय हो चुकी है।
मक्कल निधि मय्यम (MNM) के अध्यक्ष कमल हासन ने साफ कहा कि पार्टी को दी गई सीटों की संख्या से वे संतुष्ट नहीं थे। साथ ही, DMK के ‘उगता सूरज’ चुनाव चिह्न पर चुनाव लड़ने का प्रस्ताव भी उन्हें स्वीकार नहीं था। IANS के मुताबिक, हासन ने कहा, “इस समय राजनीतिक हालात काफी चुनौतीपूर्ण हैं। ऐसे में हमें जितनी सीटें दी गईं और ‘उगता सूरज’ चिन्ह पर चुनाव लड़ने का सुझाव न तो मुझे और न ही हमारी पार्टी के सदस्यों को मंजूर है।” उन्होंने आगे स्पष्ट किया कि इन कारणों से पार्टी ने चुनाव न लड़ने का फैसला लिया है और इस बार चुनावी मैदान से दूर रहने का निर्णय किया है।
चुनाव में हिस्सा नहीं लेगी पार्टी
कमल हासन ने कहा, “इसलिए हम साफ तौर पर घोषणा करते हैं कि मक्कल निधि मय्यम 2026 के तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में सीधे हिस्सा नहीं लेगी। हमारी पार्टी DMK के नेतृत्व वाले गठबंधन के उम्मीदवारों को बिना किसी शर्त के समर्थन देगी।” पार्टी कार्यकर्ताओं का धन्यवाद करते हुए हासन ने कहा कि यह फैसला उनके भरोसे और भावनाओं को ध्यान में रखकर लिया गया है। IANS के अनुसार, उन्होंने कहा, “आप सभी निस्वार्थ राजनीति की एक शानदार मिसाल हैं। यह निर्णय आपकी भावनाओं और आप पर हमारे विश्वास का सम्मान है।”
कमल हासन ने भरोसा जताया कि DMK फिर से सत्ता में लौटेगी। उन्होंने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि वे जल्द ही मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन से मिलेंगे और उनके शपथ ग्रहण समारोह में उन्हें बधाई देंगे। इस पूरे मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने बताया कि कमल हासन ने अन्ना अरिवलयम में उनसे निजी मुलाकात की थी। इस दौरान हासन ने उन्हें बताया कि MNM आगामी विधानसभा चुनाव नहीं लड़ेगी और DMK के नेतृत्व वाले गठबंधन को बिना किसी शर्त के समर्थन देगी। स्टालिन ने कहा, “हमने सिर्फ राजनीतिक नेताओं के तौर पर ही नहीं, बल्कि अच्छे दोस्तों की तरह भी बातचीत की और अपने विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि यह कोई बलिदान नहीं, बल्कि एक जिम्मेदारी है। लेकिन सच में देखें तो उनका यह कदम एक बड़ा बलिदान ही है।”
एम.के. स्टालिन ने कहा कि कमल हासन के इस फैसले से वे काफी भावुक हो गए। उन्होंने हासन और उनकी पार्टी MNM के सभी सदस्यों का दिल से धन्यवाद किया। उन्होंने उम्मीद जताई कि कमल हासन पूरे तमिलनाडु में चुनाव प्रचार करेंगे। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि आने वाली ‘द्रविड़ मॉडल 2.0’ सरकार उनके समर्थन से ही बनेगी। स्टालिन ने आगे कहा, “इतिहास इस बड़े दिल वाले फैसले को जरूर याद रखेगा। हासन ने अपने निजी फायदे को पीछे रखकर तमिलनाडु के हित को सबसे ऊपर रखा है।”