कर्नाटक में एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने सभी को हैरान कर दिया। जिस व्यक्ति की मौत को पहले हार्ट अटैक बताया गया था, बाद में जांच में पता चला कि उसकी तकिये से दबाकर हत्या की गई थी। यह घटना कर्नाटक के तुमकुर जिले की है। मृतक का नाम परमेश (50) था, जो दिहाड़ी मजदूर था।
29 जनवरी की रात उसकी अचानक मौत हो गई।
उसकी 46 साल की पत्नी पी आशा, जो एक हाउसकीपिंग वर्कर है, उसने रिश्तेदारों को बताया कि पति को दिल का दौरा पड़ा और उसी से उसकी मौत हो गई। परिवार ने उसी बात पर भरोसा किया और अगले दिन अंतिम संस्कार कर शव को दफना दिया।
मामला तब संदिग्ध हो गया जब, परमेश की मौत के सिर्फ 20 दिन बाद ही आशा ने 48 साल के चंद्रप्पा नाम के व्यक्ति से शादी कर ली। चंद्रप्पा एक कुक है और पुलिस के मुताबिक वह आशा का प्रेमी था।
इसके बाद परमेश की बहनों को शक हुआ कि मौत प्राकृतिक नहीं थी। उन्होंने बताया कि शरीर पर कुछ संदिग्ध निशान भी थे और पहले भी झगड़े और परेशान करने की बातें सामने आई थीं।
शिकायत के बाद कब्र से निकाला गया शव
परमेश की एक बहन ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस ने केस दर्ज किया और अदालत से अनुमति लेकर कब्र से शव निकलवाया।
यह प्रक्रिया स्थानीय तहसीलदार और राजस्व अधिकारियों की मौजूदगी में कराई गई।
पोस्टमार्टम में खुला हत्या का राज
शव का पोस्टमार्टम किया गया और फोरेंसिक जांच के लिए सैंपल भी लिए गए। रिपोर्ट में पता चला कि परमेश की मौत हार्ट अटैक से नहीं बल्कि दम घुटने से हुई थी।
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ के दौरान आशा और चंद्रप्पा ने हत्या की बात कबूल कर ली।
जांच में सामने आया कि दोनों ने मिलकर परमेश को उस समय तकिये से दबाकर मार दिया, जब वह सो रहा था। संभव है कि उस समय उसने शराब भी पी रखी थी।
हत्या के बाद उन्होंने ऐसा माहौल बनाया ताकि लगे कि मौत हार्ट अटैक से हुई है।
पुलिस ने आशा और चंद्रप्पा दोनों को गिरफ्तार कर लिया है और उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। फिलहाल इस पूरे मामले में पुलिस की जांच जारी है।