Nandini Milk Price Revision: कर्नाटक की सिद्धारमैया सरकार ने राज्य के लोगों को महंगाई का बड़ा झटका दिया है। 29 अक्टूबर को हुई कैबिनेट बैठक में कर्नाटक मिल्क फेडरेशन के लोकप्रिय ब्रांड 'नंदिनी' के दूध की कीमतों में ₹8 प्रति लीटर की बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी गई है। नई दरें 1 नवंबर 2026 से लागू होंगी।
कितना बढ़ा दाम? देखें पुराना और नया रेट कार्ड
कीमतों में इस बड़े इजाफे के बाद आम उपभोक्ताओं की जेब पर सीधा असर पड़ेगा:
टोंड मिल्क (ब्लू पैकेट): नंदिनी का सबसे ज्यादा बिकने वाला बेसिक टोंड मिल्क (ब्लू पैकेट) अब ₹46 से बढ़कर ₹54 प्रति लीटर मिलेगा।
इजाफे का बंटवारा: कैबिनेट निर्णय की जानकारी देते हुए कर्नाटक के मंत्री कृष्णा बायरे गौड़ा ने बताया कि ₹8 की इस बढ़ोतरी में से ₹7 सीधे डेयरी किसानों को दिए जाएंगे, जबकि ₹1 मिल्क यूनियन्स को जाएगा।
कैबिनेट ने इस प्रस्ताव को 6 अक्टूबर को ही मंजूरी दे दी थी, लेकिन विधान परिषद चुनावों के चलते लागू आचार संहिता के कारण इसका औपचारिक ऐलान 29 अक्टूबर को किया गया।
क्यों बढ़ाए गए दूध के दाम?
मिल्क यूनियन्स काफी समय से ₹8 से ₹10 प्रति लीटर बढ़ोतरी की मांग कर रही थीं। इसके पीछे की मुख्य वजहें ये हैं:
लागत में भारी बढ़ोतरी: मवेशियों के चारे, पशुआहार, दवाइयों, परिवहन और प्लास्टिक पैकेजिंग की लागत में काफी इजाफा हुआ है।
सूखे की मार: राज्य में पड़े सूखे के कारण चारे की भीषण किल्लत हुई, जिससे किसानों की दूध उत्पादन लागत बढ़ गई।
किसानों को राहत: मंत्री कृष्णा बायरे गौड़ा ने कहा कि राज्य के करीब 10 लाख किसान परिवार अपनी आजीविका और घरेलू व चिकित्सा खर्चों के लिए डेयरी फार्मिंग पर निर्भर हैं। ₹7 प्रति लीटर सीधे किसानों को मिलने से उन्हें राहत मिलेगी।
हाल के वर्षों में 5वीं बार बढ़े दाम
'नंदिनी' दूध की कीमतों में हालिया वर्षों के दौरान यह 5वीं बार बढ़ोतरी की गई है: