Radhika Yadav Murder Case: हरियाणा के गुरुग्राम में रहने वाली नेशनल लेवल की टेनिस खिलाड़ी राधिका यादव के मर्डर ने पूरे देश को हैरान कर दिया है। राधिका यादव की हत्या के आरोप में उसके पिता को ही गिरफ्तार किया गया है। वहीं शुक्रवार को पिता दीपक यादव को स्थानीय अदालत ने एक दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया। जानकारी के अनुसार, दीपक ने गुस्से में आकर अपनी ही बेटी को गोली मार दी।
पुलिस के अनुसार, दीपक और राधिका के बीच टेनिस अकादमी बंद करने को लेकर बहस हुई थी। इसी बहस के बाद दीपक ने गोली चला दी। पूछताछ में उसने दावा किया कि पड़ोसी और रिश्तेदार उसकी बेटी की कमाई पर जीने की बात कहकर उसका मज़ाक उड़ाते थे, जिससे वह मानसिक दबाव में था। हालांकि, दीपक के परिवार वालों का कहना है कि उसके पास गुरुग्राम में कई संपत्तियां हैं और वह हर महीने करीब 15 लाख रुपये किराये के रूप में कमाता है। ऐसे में यह सवाल उठ रहा है कि जब वह खुद इतनी अच्छी कमाई करता था, तो उसे बेटी की कमाई पर क्यों मजाक बनाया जाता? पुलिस अभी इस मामले की गहराई से जाँच कर रही है और पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने लाने की कोशिश कर रही है।
पुलिस ने बताया कि यह वारदात राधिका के घर पर हुई। शुक्रवार को दीपक यादव को अदालत में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें एक दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया। इस मामले में राधिका के चाचा कुलदीप यादव की शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। एफआईआर के मुताबिक, राधिका की मां मंजू यादव वारदात के समय घर की पहली मंजिल पर मौजूद थीं।
सोशल मीडिया पर राधिका यादव का एक वीडियो वायरल हो रहा है। यह वीडियो एक साल पहले शूट किया गया था। राधिका यादव ने एक साल पहले म्यूजिशियन इनामुल के साथ एक वीडियो बनाया था। इसमें लव स्टोरी दिखाई गई थी। राधिका की हत्या के बाद यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। साथ ही लोग अब हत्या को इस वीडियो से जोड़कर भी देख रहे हैं। पिछले साल जून में आए इस वीडियो को जीशान अहमद ने प्रोड्यूस किया था। यह इनाम के नाम वाले यूट्यूब चैनल पर वायरल किया गया था। फिलहाल, पुलिस हर कोण से इस मामले की जांच कर रही है।
एफआईआर में सामने आई ये बात
राधिका यादव की हत्या को लेकर दर्ज एफआईआर में उनके चाचा कुलदीप यादव ने पूरी घटना का ब्योरा दिया है। उन्होंने बताया कि गुरुवार सुबह करीब 10:30 बजे उन्हें अचानक एक तेज़ धमाके की आवाज़ सुनाई दी। आवाज़ सुनते ही वह सेक्टर 57 स्थित घर की पहली मंजिल पर पहुंचे। कुलदीप यादव ने कहा, “मैंने देखा कि राधिका रसोई में खून से लथपथ पड़ी थी और एक रिवॉल्वर ड्राइंग रूम में पड़ा था। मेरा बेटा पीयूष भी उस समय ऊपर पहुंचा। हम दोनों ने राधिका को उठाया और तुरंत अपनी कार से उसे सेक्टर 56 के एशिया मैरिंगो अस्पताल ले गए, लेकिन वहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।”
उन्होंने बताया कि घटना के समय पहली मंजिल पर सिर्फ राधिका, उसके पिता दीपक यादव और मां मंजू यादव मौजूद थे। कुलदीप ने यह भी साफ किया कि उनका दूसरा बेटा धीरज उस समय घर पर नहीं था, जो एफआईआर में दर्ज किया गया है।
पुलिस के मुताबिक, दीपक यादव ने अपनी बेटी राधिका पर कम से कम पाँच गोलियाँ चलाईं, जिनमें से तीन उसकी पीठ में लगीं और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। शुरुआत में बताया गया था कि राधिका की माँ मंजू यादव उस समय घर के ग्रांउड फ्लोर पर थीं। उन्होंने गोलियों की आवाज को प्रेशर कुकर फटने जैसा समझा और तुरंत ऊपर दौड़ीं। मृतका के चाचा कुलदीप यादव ने पुलिस को बताया, "मेरी भतीजी एक बेहतरीन टेनिस खिलाड़ी थी और उसने कई ट्रॉफियां जीती थीं। मुझे समझ नहीं आ रहा कि उसकी हत्या क्यों की गई। मेरे भाई के पास एक लाइसेंसी .32 बोर की रिवॉल्वर थी, जो वहीं पड़ी हुई मिली।" एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि वे इस मामले में हर कोण से जाँच कर रहे हैं, जिसमें यह भी देखा जा रहा है कि वारदात के वक्त राधिका की मां कहां थीं और क्या कर रही थीं। पुलिस फिलहाल इस मामले में सभी तथ्यों को ध्यान से खंगाल रही है।