RBI Monetary Policy Meeting LIVE: RBI पॉलिसी में वे 6 कारक जो तय करेंगे बाजार की चाल
भारतीय शेयर बाजार ने आज होने वाली RBI MPC बैठक में ब्याज दरों के स्थिर रहने के अनुमान को पहले ही भांप लिया है। निवेशकों के लिए असली मुद्दा यह नहीं है कि ब्याज दरें बदलेंगी या नहीं, बल्कि गवर्नर का कमेंट्री और भविष्य का नजरिया क्या होगा। वर्तमान में रेपो रेट 5.25% है, जो आखिरी बार दिसंबर 2025 में बदला गया था। इक्विटी निवेशकों के लिए निम्नलिखित 6 कारक सबसे महत्वपूर्ण होने वाले हैं:
महंगाई का नया अनुमान: वैश्विक स्तर पर सप्लाई चेन में बाधा और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों को देखते हुए RBI महंगाई के आंकड़ों को कैसे संशोधित करता है, इस पर बाजार की पैनी नजर रहेगी।
ग्रोथ (GDP) का लक्ष्य: मिडिल ईस्ट संकट के बीच क्या RBI विकास दर के अपने पुराने अनुमान को घटाता है? अगर ग्रोथ अनुमान में कमी आती है, तो बाजार में बिकवाली दिख सकती है।
लिक्विडिटी मैनेजमेंट: बैंकिंग सिस्टम में नकदी के प्रवाह को लेकर RBI के कदम सीधे तौर पर बैंकिंग और फाइनेंशियल शेयरों को प्रभावित करेंगे।
रुपये की स्थिति और कदम: डॉलर के मुकाबले रुपये की गिरावट को रोकने के लिए गवर्नर क्या रणनीति पेश करते हैं, यह विदेशी निवेशकों (FIIs) के भरोसे के लिए जरूरी है।
फ्यूचर गाइडेंस: क्या RBI अपने 'न्यूट्रल' रुख को बरकरार रखेगा या फिर महंगाई के डर से 'हॉकिश' (सख्त) संकेत देगा?
वैश्विक जोखिमों का आकलन: अंतरराष्ट्रीय तनाव और अन्य केंद्रीय बैंकों की नीतियों पर RBI की टिप्पणी बाजार की लंबी अवधि की दिशा तय करेगी।