Bihar Mystery Fish: नेपाल की बाढ़ के साथ बिहार पहुंची अजीब मछलियां, इनको खाते ही हो रहीं बड़ी दिक्कतें! सरकार ने अब ये बताया

Bihar Mystery Fish: नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बाद बिहार की नदियों में सीमा पार से बहकर आ रही अज्ञात और अजीब किस्म की मछलियों ने हड़कंप मचा दिया है। बाढ़ के पानी के साथ आई इन मछलियों को खाने के बाद लोगों के बीमार पड़ने की खबरें सामने आ रही हैं।

अपडेटेड Sep 02, 2026 पर 5:44 PM
  • Follow Us On Google
  • Add as a Preferred Source on Google
नेपाल की बाढ़ से बिहार पहुंची ‘अजीब’ मछलियां, खाने के बाद लोग बीमार

Bihar Mystery Fish: नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बाद बिहार की नदियों में सीमा पार से बहकर आ रही अज्ञात और अजीब किस्म की मछलियों ने हड़कंप मचा दिया है। बाढ़ के पानी के साथ आई इन मछलियों को खाने के बाद लोगों के बीमार पड़ने की खबरें सामने आ रही हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए बिहार सरकार के पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग ने अडवाइजरी जारी कर लोगों को ऐसी मछलियों को खाने से से बचने की सख्त हिदायत दी है।

मछलियां क्यों बन रही हैं खतरनाक और बीमारी की क्या है वजह?

मत्स्य विभाग के मुताबिक बाढ़ के दौरान मछलियां तालाबों, झीलों, नदियों और जलाशयों से निकलकर पानी के तेज बहाव के साथ लंबी दूरी तय करती हैं। इस दौरान ये मछलियां कीचड़, गंदे नाले, सड़े-गले शवों और दूसरे हानिकारक प्रदूषकों के लगातार संपर्क में रहती हैं। इस वजह से ये मछलियां हानिकारक बैक्टीरिया, वायरस, फंगी और खतरनाक केमिकल से संक्रमित हो जाती हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि जब तक पर्यावरण सामान्य न हो जाए और साफ मछलियां उपलब्ध न हों, तब तक बाढ़ के पानी से पकड़ी गई मछलियों का सेवन बिल्कुल नहीं किया जाना चाहिए।


सरकार की अपील और लक्षण दिखने पर क्या करें?

बिहार सरकार के पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग ने नागरिकों से सुरक्षा के मद्देनजर कई दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है। कहा गया है कि किसी भी अनजानी या अजीब दिखने वाली मछली को खाने के लिए इस्तेमाल न करें। बाढ़ के पानी से पकड़ी गई मछलियों को न खरीदें, न बेचें और न ही भोजन के रूप में इस्तेमाल करें। बिना विभागीय जांच और वेरिफिकेशन के किसी भी अनजान मछली को खाने लायक न समझें।

अगर ऐसी मछली खाने के बाद उल्टी, दस्त/डायरिया, पेट दर्, चक्कर आना या सांस लेने में तकलीफ जैसी समस्याएं हो रही हैं तो तुरंत अस्पताल जाएं या डॉक्टर की सलाह लें। साथ ही ये भी कहा गया है कि ऐसी असामान्य मछलियां दिखने पर तुरंत जिला मत्स्य अधिकारी या स्थानीय प्रशासन को इसकी सूचना दें और किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें।

पश्चिमी चंपारण में जागरूकता अभियान

अनजान मछलियों के खतरे को देखते हुए प्रशासन सक्रिय हो गया है। एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक पश्चिमी चंपारण की जिला मत्स्य अधिकारी नूतन ने बताया कि क्षेत्र में व्यापक स्तर पर जागरूकता कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि नेपाल की बाढ़ से आ रही मछलियां अत्यधिक संक्रामक हैं और इनमें कई बीमारियां फैली हुई हैं। इनको खाने से पेट में तेज दर्द, उल्टी और पेचिश जैसे गंभीर लक्षण उभर रहे हैं। प्रशासन की ओर से विक्रेताओं को ऐसी मछलियां न बेचने और आम जनता को इन्हें न खरीदने व न खाने की सलाह दी जा रही है।

उधर नेपाल पुलिस ने भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर आधिकारिक निर्देश जारी कर अपने नागरिकों से बाढ़ के पानी में बहकर आई मछलियों और अन्य नदी आधारित खाद्य पदार्थों का सेवन न करने का अनुरोध किया है।

नेपाल में बाढ़ से 1127 लोगों की मौत, बिहार में अलर्ट

नेपाल पुलिस द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक 26 अगस्त को आई भीषण बाढ़ की वजह से नेपाल में मरने वालों की संख्या बढ़कर 1127 हो गई है। शवों के बरामद होने का सिलसिला अभी भी जारी है। नेपाल की नदियों में जलस्तर बढ़ने की वजह से निचले इलाकों में स्थित बिहार में हाई अलर्ट जारी है।

यह भी पढ़ें: राम मंदिर ट्रस्ट के पहले CEO बने रिटायर्ड एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा, ऑपरेशन सिंदूर से भी रहा है नाता

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।