कांवड़ यात्रा को देखते हुए 5 दिन बंद रहेगा दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे का ये खास हिस्सा, चेक कीजिए पूरी डिटेल
Ghaziabad Traffic Diversion: सालाना कांवड़ यात्रा के लिए पुलिस ने दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे के UP वाले हिस्से को बंद करने का फैसला किया है, जिससे 7 अगस्त से दिल्ली आने-जाने वाले ट्रैफिक में रुकावट आएगी। ADCP (ट्रैफिक) ने बताया कि एक्सप्रेसवे की सभी छह लेन पर वाहनों की आवाजाही बंद रहेगी।
कांवड़ यात्रा को देखते हुए 5 दिन बंद रहेगा दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे का ये खास हिस्सा
Ghaziabad Traffic Diversion: सालाना कांवड़ यात्रा के लिए पुलिस ने दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे के UP वाले हिस्से को बंद करने का फैसला किया है, जिससे 7 अगस्त से दिल्ली आने-जाने वाले ट्रैफिक में रुकावट आएगी। एडिशनल DCP (ट्रैफिक) वरुण सिंह ने टाइम्स ऑफ इंडिया को बताया कि एक्सप्रेसवे की सभी छह लेन पर वाहनों की आवाजाही बंद रहेगी। यह प्रतिबंध दिल्ली बॉर्डर स्थित यूपी गेट से लेकर मेरठ बॉर्डर के पास काशी टोल प्लाजा तक लागू होगा। इस दौरान कार, ट्रक और बस समेत सभी तरह के वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी। हालांकि, इसके पास से गुजरने वाली NH-9 की लेन खुली रहेंगी।
पिछले साल, पुलिस ने कुछ समय के लिए दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे से ट्रैफिक को दूसरी तरफ मोड़ दिया था, जिससे NH-9 पर जाम लग गया था। इसके बाद ज्यादातर वाहनों को NH-9, ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (EPE) और नोएडा के रास्ते भेजा गया था।
भारी वाहनों के लिए 29 जुलाई से रोक
बता दें कि इस बार हल्की और मध्यम गाड़ियों के लिए ये पाबंदियां 7 अगस्त को सुबह 8 बजे से शुरू होंगी और 12 अगस्त को शिवरात्रि तक लागू रहेंगी। भारी गाड़ियों को 29 जुलाई से ही इस रास्ते पर आने की इजाजत नहीं होगी। रास्ता बंद होने से 'डाक कांवड़' वालों यानी नंगे पैर दौड़कर यात्रा करने वाले तीर्थयात्रियों को बिना किसी रुकावट के चलने में आसानी होगी। उनके साथ ट्रकों और बाइकों पर रिले टीमें भी होती हैं और वे ज्यादातर एक्सप्रेसवे का ही इस्तेमाल करते हैं।
तीन रास्तों का करते हैं इस्तेमाल श्रद्धालू
आस-पास के यूपी जिलों और दिल्ली से आने वाले श्रद्धालु हरिद्वार पहुंचने के लिए तीन रास्तों का इस्तेमाल करते हैं, जहां से वे सालाना यात्रा के लिए अपनी कांवरों में गंगाजल भरते हैं। पैदल यात्रा करने वाले ज्यादातर श्रद्धालु लोनी बॉर्डर और निवाड़ी के बीच पाइपलाइन रोड का इस्तेमाल करते हैं, जबकि काफी संख्या में लोग GT रोड होते हुए नेशनल हाईवे 34 से जाते हैं। कुल मिलाकर, ये तीनों रास्ते गाजियाबाद में 150 km तक फैले हैं।
किन रूट के वाहनों को किया जाएगा डायवर्ट
दिल्ली से तुलसी निकेतन, सीमापुरी और आनंद विहार बॉर्डर से आने वाली गाड़ियों को UP गेट पर रोका जाएगा और उन्हें चौधरी चरण सिंह मार्ग, गाजीपुर मंडी और NH-9 से होते हुए (दासना इंटरसेक्शन से EPE का इस्तेमाल करके) या अक्षरधाम से दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे और EPE इंटरसेक्शन होते हुए हरिद्वार, अमरोहा, मुरादाबाद या लखनऊ भेजा जाएगा।
ADCP ने दी जानकारी
ADCP ने बताया कि बागपत से दिल्ली जाने वाले वाहनों को ट्रोनिका सिटी या सोनिया विहार और दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के रास्ते भेजा जाएगा, जबकि हापुड़ या बुलंदशहर से आने वाले वाहन सीधे डासना, लाल कुआं या आत्माराम स्टील प्लांट क्रॉसिंग से गाजियाबाद में घुसने के बजाय NH-9 का इस्तेमाल करेंगे।
पाइपलाइन मार्ग पर भी गाड़ियों की आवाजाही पर रोक
यह प्रतिबंध लोनी बॉर्डर से लोनी कस्बा जाने वाले मार्ग और सिद्धार्थ विहार स्थित संतोष मेडिकल कट से मेरठ तिराहे की ओर जाने वाले रास्ते पर लागू होगा। इसके अलावा, इंदिरापुरम क्षेत्र में गौर ग्रीन एवेन्यू, खोड़ा, कालापत्थर, नोएडा सेक्टर-62, छिजारसी और कनावनी पुस्ता से NH-9 की ओर जाने वाले रास्तों पर भी भारी वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी।
ट्रैफिक प्रतिबंध गंगनहर पटरी कांवड़ मार्ग, पाइपलाइन मार्ग, NH-34 (पूर्व में NH-58) और दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे (DME) पर भी लागू रहेगा। इसके साथ ही गंगनहर पटरी कांवड़ मार्ग और पाइपलाइन मार्ग पर भी वाहनों की आवाजाही पूरी तरह बंद रहेगी।
NH-34 की मेरठ जाने वाली लेन का इस्तेमाल
पुलिस के अनुसार, मोहननगर, मेरठ क्रॉसिंग, राजनगर एक्सटेंशन या हापुड़ चुंगी से आने वाली कारें और दूसरी हल्की गाड़ियां NH-34 की मेरठ जाने वाली लेन का इस्तेमाल करेंगी। पुलिस ने बताया कि 5 अगस्त से पलवल या कुंडली से ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (EPE) होते हुए गाजियाबाद शहर, मुरादनगर या मोदीनगर जाने वाली हल्की गाड़ियों को दुहाई कट से बाहर निकलने की इजाजत नहीं होगी। उन्हें NH-9 पर जाने से पहले दसना कट से बाहर निकलना होगा।
इसके अलावा, चौधरी मोड़, गौशाला क्रॉसिंग, हापुड़ क्रॉसिंग या कैला भट्टा से दूधेश्वरनाथ मंदिर की ओर जाने-आने पर पूरी तरह रोक रहेगी, और पटेल नगर फ्लाईओवर पर भी गाड़ियों की आवाजाही बंद रहेगी। रेलवे स्टेशन रोड, किराना मार्केट, रामतेताराम रोड, घंटाघर, बजरिया रोड और दिल्ली गेट से आने वाली हल्की गाड़ियों को भी मंदिर की ओर जाने की इजाजत नहीं होगी।
वहीं, मेरठ क्रॉसिंग से आने वाली गाड़ियों को मोक्षधाम हिंडन ब्रिज, कनावनी या इंदिरापुरम की ओर जाने की इजाजत नहीं होगी। इसके बजाय, उन्हें नया बस अड्डा से चौधरी मोड़, विजय नगर रेलवे ब्रिज होते हुए NH-9 पर भेजा जाएगा। सीमापुरी बॉर्डर और लाल कुआं के बीच, NH-34 के कांवड़ मार्ग वाले हिस्से पर, या मोहननगर और आनंद विहार के बीच ऑटो चलाने की इजाजत नहीं होगी।
पुलिस ने बताया कि 5 से 12 अगस्त के बीच सभी रोडवेज, प्राइवेट, सिटी और इलेक्ट्रिक बसों को सीमापुरी बॉर्डर या तुलसी निकेतन से शहर में घुसने की इजाजत नहीं होगी। इसके बजाय, उन्हें चौधरी चरण सिंह मार्ग, दिलशाद गार्डन, दिल्ली-गाज़ीपुर मंडी, यूपी गेट और NH-9 से होते हुए दसना इंटरसेक्शन और EPE, या अक्षरधाम से दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के रास्ते भेजा जाएगा।
बुलंदशहर से गाजियाबाद जाने वाली बसों पर भी रोक
बुलंदशहर से गाजियाबाद आने वाली बसें लाल कुआं पर ही रुक जाएंगी और उन्हें शहर के अंदर आगे जाने की इजाजत नहीं होगी। अधिकारी ने बताया कि आनंद विहार और कौशांबी से आने वाली बसों को गाज़ियाबाद में घुसने से पूरी तरह रोका जाएगा और उन्हें चौधरी चरण सिंह मार्ग, गाज़ीपुर मंडी, NH-9 और दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के रास्ते डायवर्ट किया जाएगा।