Anurag Jain NITI Aayog CEO: केंद्र सरकार ने वरिष्ठ IAS अधिकारी अनुराग जैन को नीति आयोग (NITI Aayog) का नया मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त किया है। यह जानकारी डिपार्टमेंट ऑफ पर्सनल एंड ट्रेनिंग (DoPT) की ओर से बुधवार को जारी आदेश में दी गई। अनुराग जैन की नियुक्ति को केंद्रीय मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति (ACC) ने मंजूरी दी है। बता दें कि जैन 1989 बैच के मध्य प्रदेश कैडर के IAS अधिकारी हैं। अपने प्रशासनिक करियर के दौरान उन्होंने केंद्र और राज्य सरकारों में कई महत्वपूर्ण पदों पर काम किया है।
आदेश में कहा गया है, "कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने अनुराग जैन, IAS (MP:89) को नीति आयोग का मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त करने की मंजूरी दे दी है। यह नियुक्ति उनके पदभार संभालने की तारीख से लेकर उनकी सेवा के विस्तार की मंजूर अवधि तक और उसके बाद, कुल मिलाकर दो साल की अवधि या अगले आदेश तक—इनमें से जो भी पहले हो—के लिए होगी। उनकी नियुक्ति की शर्तें वही होंगी जो उनके पूर्ववर्ती अधिकारी पर लागू थीं।"
यह नियुक्ति केंद्र सरकार द्वारा अप्रैल में अर्थशास्त्री अशोक कुमार लाहिड़ी को सुमन के. बेरी की जगह नीति आयोग का उपाध्यक्ष नियुक्त किए जाने के कुछ महीनों बाद हुई है। साथ ही, राजीव गौबा, प्रोफ़ेसर केवी राजू, प्रोफ़ेसर गोवर्धन दास, डॉ. एम. श्रीनिवास और प्रोफ़ेसर अभय करंदीकर को आयोग का पूर्णकालिक सदस्य नियुक्त किया गया था।
अनुराग जैन 1989 बैच के मध्य प्रदेश कैडर के IAS अधिकारी हैं। उन्हें अक्टूबर 2024 में मध्य प्रदेश का मुख्य सचिव (Chief Secretary) नियुक्त किया गया था। उनका कार्यकाल इस साल 31 अगस्त तक तय था।
मुख्य सचिव बनने से पहले अनुराग जैन ने केंद्र सरकार में कई अहम पदों पर काम किया है। वह सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय में सचिव और उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT) में सचिव के पद पर रह चुके हैं।
बता दें कि जैन ने साल 1986 में IIT खड़गपुर से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग में बीटेक (ऑनर्स) की डिग्री हासिल की। इसके बाद उन्होंने अमेरिका के मैक्सवेल स्कूल से पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन में मास्टर डिग्री पूरी की।
साल 2011 से 2015 के बीच, उन्होंने प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में संयुक्त सचिव के तौर पर काम किया। इससे पहले, 2005 में, वह मध्य प्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के सचिव थे। अपने प्रशासनिक करियर के शुरुआती सालों में, जैन ने मंडला, मंदसौर और भोपाल के कलेक्टर के रूप में भी सेवाएं दी हैं।