UPTET 2026: उत्तर प्रदेश में शिक्षा के क्षेत्र में करियर बनाने की इच्छा रखने वाले सभी उम्मीदवारों के लिए बड़ी और अहम खबर है। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC) ने UPTET 2026 (उत्तर प्रदेश टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट) के विज्ञापन में महत्वपूर्ण संशोधन किया है। राज्य के 50 हजार शिक्षकों को बड़ी राहत देते हुए अब टीईटी परीक्षा में उन शिक्षकों को भी बैठने की मंजूरी दे दी है, जिनके पास टीईटी में बैठने की न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता नहीं है। वे यूपी टीईटी परीक्षा दे सकेंगे। आयोग ने नया नोटिफिकेशन मंगलवार को जारी किया। इच्छुक उम्मीदवार ऑफिशियल वेबसाइट upessc.up.gov.in पर 27 मार्च से आवेदन कर सकते हैं।
राज्य में चार साल के बड़े अंतराल के बाद होने जा रही शिक्षक पात्रता परीक्षा के लिए यूपीईएसएससी ने 20 मार्च को नोटिफिकेशन जारी किया था। इसमें शिक्षक प्रशिक्षण पाठ्यक्रम के अंतिम वर्ष में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को ही आवेदन का अवसर दिया गया था। लेकिन अब उन शिक्षकों को भी बैठने की मंजूरी दे दी है, जिनके पास टीईटी में बैठने की न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता नहीं है। अब बीएड और बीटीसी कर रहे छात्र भी यूपी टीईटी परीक्षा दे सकते हैं। हालांकि बीएड पास अभ्यर्थियों को सिर्फ उच्च प्राथमिक विद्यालयों (कक्षा 6 से 8 तक) की ही टीईटी परीक्षा देने की अनुमति दी गई है। साथ ही आयोग ने और भी संशोधन किए हैं, जो इस प्रकार हैं
15-20 लाख आवेदन मिलने का अनुमान
इस बार हो रही यूपी टीईटी परीक्षा के लिए 15-20 लाख आवेदन मिलने का अनुमान है। इसमें प्रदेश के 1.86 लाख ऐसे शिक्षक भी शामिल हैं, जो अब तक टीईटी पास नहीं कर सके हैं। इन शिक्षकों के लिए सितंबर 2027 तक टीईटी पास करना अनिवार्य है, नहीं तो इनकी नौकरी छिन जाएगी।
यूपी टीईटी 2026 में तीन बड़े बदलाव
आयोग ने बीएड और टीचर्स ट्रेनिंग वालों को भी परीक्षा देने की छूट दे दी है। अब बीएड और बीटीसी कर रहे छात्र भी यूपी टीईटी परीक्षा दे सकते हैं। अभी तक सुप्रीम कोर्ट के आदेश और एनसीटीई की ओर से 4 अगस्त 2022 को जारी स्पष्टीकरण के अनुसार बीएड/टीचर्स ट्रेनिंग कोर्स के अंतिम वर्ष के छात्र या कर चुके छात्र ही यूपी टीईटी दे सकते थे।
आयोग ने मूल विज्ञापन में बीएड वालों को प्राथमिक शिक्षक (पेपर-1) के लिए टीईटी देने की अनुमति शर्त के साथ दी थी। उन्हें नियुक्ति के बाद दो साल के भीतर एसबीटीसी का 6 महीने का ब्रिज कोर्स करना अनिवार्य था। अब आयोग ने इस बिंदु को हटा दिया है। हाईकोर्ट/सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के बाद अब बीएड वाले सिर्फ उच्च प्राथमिक स्तर के लिए ही टीईटी दे सकते हैं।
UPTET 2026 के लिए कैसे करें आवेदन?