Biotin for thicker, fuller hair: बायोटिन को विटामिन एच या विटामिन बी7 भी कहा जाता है। सुंदर, घने और मजबूत बालों के लिए आजकल इसे सबसे खास जरूरत के तौर पर बताया जाता है। ये गमीज से लेकर सीरम, सप्लिमेंट जैसे कई नुस्खों में उपलब्ध हो रहा है। इसके साथ आता है मजबूत बालों और नाखूनों का वादा भी। लेकिन, क्या सच में इसके लिए इतना हाइप जरूरी है? मतलब, कहीं हम इस एक इंग्रीडिएंट पर जरूरत से ज्यादा उम्मीद का बोझ तो नहीं डाल रहे हैं। अपनी रोजमर्रा की जरूरतों में एक और सप्लिमेंट को शामिल करने से पहले यह जानना जरूरी है कि यह विटामिन असल में क्या करता है, इससे किसे फायदा हो सकता है, और एक्स्ट्रा बायोटिन कब लेना बहुत जरूरी होता है?
बायोटिन, या विटामिन B7, ग्रीक शब्द बायोटोस से आया है। इसका मतलब है ‘जीवन देने वाला’। B-कॉम्प्लेक्स परिवार से जुड़ा ये विटामिन शरीर को कार्बोहाइड्रेट, फैट और प्रोटीन को एनर्जी में बदलने में मदद करता है। यह केराटिन की बनावट का भी समर्थन करता है। केराटिन एक प्रोटीन है जो बाल, त्वचा और नाखून बनाता है। यही वजह है कि बायोटिन इतने सारे ब्यूटी प्रोडक्ट्स का खास इंग्रीडिएंट बन गया है। लेकिन ज्यादातर लोगों को इसकी पर्याप्त मात्रा अपनी डाइट से ही मिल जाती है। बायोटिन ऑर्गन मीट, अंडे, मछली, मीट, बीज, नट्स और कुछ सब्जियां (जैसे शकरकंद) में पाया जाता है।
बायोटिन की कमी से बचें ये लोग
एक सामान्य व्यक्ति को अंडे, नट्स, बीज, मीट और मछली से पर्याप्त मात्रा में बायोटिन मिल जाता है। बायोटिन की कमी आम नहीं है, लेकिन कमी होने पर इसके लक्षण साफ दिखते हैं। यूनिवर्सिटी ऑफ वाशिंगटन स्कूल ऑफ मेडिसिन में फैमिली मेडिसिन के प्रोफेसर, एमडी, एमबीआई, एमपीएच, डॉ. मिस्बाह के. कीन ने यूएसए टुडे को बताया, “बायोटिन की कमी बहुत कम होती है, लेकिन इससे कई तरह के साइड इफेक्ट हो सकते हैं। इसमें बालों का पतला होना या झड़ना, नाखून कमजोर होना, आंखों, नाक और मुंह के आसपास लाल पपड़ीदार रैश, जीभ में सूजन और दर्द, सुन्नपन और झुनझुनी जैसे न्यूरोलॉजिकल बदलाव, और मानसिक स्वास्थ्य में बदलाव शामिल है।” बायोटिनिडेस की कमी नाम की दुर्लभ वंशानुगत बीमारी शरीर को बायोटिन को ठीक से प्रोसेस करने से रोकती है। एनसीबीआई के मुताबिक वैश्विक अनुमानों के अनुसार, यह लगभग 40,000 में से 1 से 60,000 लोगों में से 1 को प्रभावित करता है। गर्भावस्था और ब्रेस्टफीडिंग के दौरान या लंबे समय तक शराब पीने, एंटीसीजर दवाएं लेने वालों में भी इसकी कमी होने की आशंका बढ़ जाती है।
बायोटिन के सप्लिमेंट से आमतौर पर लोगों के बालों के विकास को खास फायदा नहीं मिलता है। कीन के अनुसार बायोटिन की मार्केटिंग बड़े पैमाने पर बाल झड़ने के नुस्खे के तौर पर की जाती है। लेकिन इसके असर का समर्थन करने वाले सबूत मिले-जुले हैं।
2017 में स्किन अपेंडेज डिसऑर्डर्स में छपे के एक रिव्यू के मुताबिक बायोटिन सप्लीमेंट से सिर्फ उन लोगों के बालों की सेहत बेहतर हुई जिनमें इसकी कमी थी। लेकिन ऐसे मामले अब भी आम नहीं हैं। इस रिव्यू में यह देखा गया कि सामान्य बायोटिन स्तर वालों में इससे कोई खास फर्क नहीं पड़ा।
डिस्क्लेमर: यह लेख सिर्फ सामान्य जानकारी के लिए है। किसी भी तरह से किसी दवा या इलाज का विकल्प नहीं हो सकता। ज्यादा जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से संपर्क करें