Holi 2026 Traditional Pua Recipe: होली का त्योहार अपने खास जायकों के लिए भी जाना जाता है। चैत्र मास के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा को मनाया जाने वाला इस पर्व की तैयारियां काफी पहले से शुरू हो जाती हैं। बहुत से घरों में आज भी कई ट्रेडिशनल होली रेसिपी इस खास मौके पर जरूर बनाए जाते हैं। इनमें गुझिया, ठंडाई, मालपुआ, आलू के पापड़-चिप्स, चावल और साबुदाने के पापड़, मठरी, नमकपारे शामिल हैं। अब लोगों के पास समय और जगह दोनों की कमी के चलते इनमें से काफी चीजें नहीं बनतीं, लेकिन मालपुआ के शौकीन अब भी इसे अपने होली डिशेज में जरूर शामिल करते हैं। उत्तर भारत के कई राज्यों में होली के दिन पुआ बनाना शुभ माना जाता है। मालपुआ एक ऐसी ट्रेडिशनल डिश है, जिसमें न तो ज्यादा सामग्री लगती है और न ही ज्यादा समय, लेकिन स्वाद ऐसा कि बस जबान पर बना रह जाए।
इसे बहुत साधारण और बेसिक चीजों की मदद से आसानी से और बहुत कम समय में तैया किया जा सकता है। इसकी रेसिपी में सौंफ, इलायची और गुड़ या चीनी की मिठास का बेहतरीन मेल होता है। अगर आप भी इस होली पर पारंपरिक स्वाद का आनंद लेना चाहते हैं, तो इस आसान और क्लासिक पुआ रेसिपी को जरूर ट्राई करें।
होली के खास मौके पर दादी-नानी स्टाइल पुआ बनाने के लिए सबसे पहले एक बर्तन में गुनगुना दूध लें और उसमें गुड़ को अच्छी तरह घोल लें। ध्यान रखें कि गुड़ पूरी तरह पिघल जाए और उसमें कोई दाने न रहें। अब इसमें गेहूं का आटा (या मैदा) और थोड़ा सा सूजी मिलाएं। मिश्रण को अच्छे से फेंटें ताकि बैटर में गांठ न पड़े।
बैटर न ज्यादा पतला हो और न ज्यादा गाढ़ा—इसकी कंसिस्टेंसी पकोड़े के घोल जैसी होनी चाहिए। अब इसमें सौंफ और इलायची पाउडर डालें, चाहें तो स्वाद बढ़ाने के लिए थोड़ा कसा हुआ नारियल भी मिला सकते हैं।
घोल को 10-15 मिनट ढककर रख दें, ताकि सूजी फूल जाए और स्वाद अच्छी तरह मिल जाए। अब कढ़ाही में घी गरम करें। जब घी मध्यम गरम हो जाए तो एक करछी भरकर घोल को धीरे-धीरे कढ़ाही में गोल आकार में डालें। पुआ अपने आप फैल जाएगा। इसे मध्यम आंच पर दोनों तरफ से सुनहरा और हल्का कुरकुरा होने तक तलें। तैयार पुआ को टिश्यू पेपर पर निकालें ताकि अतिरिक्त घी निकल जाए। गरमागरम पुआ को ठंडाई, दही या रबड़ी के साथ परोसें और त्योहार का आनंद लें।