Budget 2022: केंद्र ने फर्टिलाइजर सब्सिडी घटाई, पंजाब को 3,141 करोड़ रुपए का होगा नुकसान
पंजाब को सब्सिडी पर लगभग 3,141 करोड़ रुपए का नुकसान होने की संभावना है और इसका सीधा बोझ किसानों पर पड़ेगा
MoneyControl News
अपडेटेड Feb 03, 2022 पर 4:54 PM
केंद्र ने फर्टिलाइजर सब्सिडी घटाई (FILE PHOTO)
जैसा कि केंद्रीय बजट (Budget 2022) में घोषित किया गया था, उर्वरक सब्सिडी (Fertiliser subsidy) में लगभग 35,000 करोड़ रुपए की कटौती होगी, इससे पंजाब को वास्तव में भारी नुकसान होने की उम्मीद है। पंजाब, जो देश में फर्टिलाइजर के प्रति हेक्टेयर सबसे ज्यादा उपभोक्ताओं में से एक है, उसको सब्सिडी पर लगभग 3,141 करोड़ रुपए का नुकसान होने की संभावना है और यह बोझ किसानों पड़ने की संभावना है।
मंगलवार को पेश मौजूदा बजट 2022-23 में उर्वरकों पर सब्सिडी अमाउंट 2021-22 के बजट में 1,40,122 करोड़ रुपए से घटाकर 1,05,222 करोड़ रुपए कर दी गई है। यह लगभग 34,900 करोड़ रुपए (25 प्रतिशत) की कटौती है।
पंजाब - देश के केवल 1.53 प्रतिशत क्षेत्र के साथ - कुल उर्वरकों का लगभग 9 प्रतिशत इस्तेमाल कर रहा है, जिसमें भारत में इस्तेमाल किए जाने वाले डाई-अमोनियम फॉस्फेट (DAP), यूरिया, म्यूरेट ऑफ पोटाश (MOP) और सुपर शामिल हैं।
यह प्रति हेक्टेयर सबसे ज्यादा इस्तेमाल में से एक है। पंजाब को लगभग 3,141 करोड़ रुपए का नुकसान होगा, जो सब्सिडी अमाउंट में कुल 34,900 करोड़ रुपए की कटौती का 9 प्रतिशत है।
Indian Express के मुताबिक, विशेषज्ञों का कहना है कि अगर फर्टिलाइजर की दरें बढ़ती हैं, तो यह कीमत भी बढ़ सकती है और यह अंतरराष्ट्रीय बाजार में फर्टिलाइजरों की बढ़ती दरों के कारण संभव है।
मालसियां (जालंधर) में फर्टिलाइजर के एक व्यापारी नव दुर्गा ट्रेडर्स के कौशल गुप्ता ने कहा, "अंतरराष्ट्रीय बाजार में DAP की दर कई गुना बढ़ गई है और अगर हमारी कंपनी आज इसे आयात करती है, तो इसकी कीमत 3,750 रुपए प्रति 50 किलो बैग होगी और रेट में कमी नहीं आएगी। ऐसे में जब सरकार फर्टिलाइजर के बजट में कटौती कर रही है, तो इसका मतलब यह है कि इसकी MRP बढ़ेगी और किसानों को अब फर्टिलाइजर पर बहुत ज्यादा खर्च करना होगा।"
फिलहाल पंजाब में यूरिया पर करीब 16,800 रुपए प्रति मीट्रिक टन की कुल सब्सिडी है। नतीजतन, किसान यूरिया के लिए 5,911 रुपए प्रति मीट्रिक टन का भुगतान कर रहे थे, यानी 266.50 पैसे प्रति 45 किलोग्राम बोरी।
सब्सिडी की कीमत 760 रुपए प्रति 45 किलोग्राम यूरिया बैग है। इसी तरह, किसान 1,650 रुपए प्रति बोरी सब्सिडी मिलने के बाद डीएपी के 50 किलो के बोरे पर 1,200 रुपए का भुगतान कर रहे थे।
फर्टिलाइजर के डीलरों का कहना है कि चुनाव के चलते सरकार ने कुछ महीने पहले DAP पर सब्सिडी बढ़ा दी थी, नहीं तो 50 किलो के इस बोरे की कीमत किसानों को 1,900 रुपए पड़ती।
गुप्ता ने कहा, "जब सरकार ने उर्वरकों पर कुल सब्सिडी बजट राशि में कमी की है, तो निश्चित रूप से किसानों को अपनी जेब से ज्यादा पेमेंट करने की जरूरत है, भले ही उर्वरकों की रेट समान रहें और अगर रेट बढ़ता है, तो इससे उन्हें और भी ज्यादा खर्च आएगा।"
किसान गुरदीप सिंह ने कहा, "सरकार सब्सिडी कम करके और टैक्स में बढ़ोतरी करके किसानों पर ज्यादा से ज्यादा बोझ डालने की ओर बढ़ रही है।"
संयुक्त निदेशक उर्वरक (पंजाब) डॉ. जेपी एस ग्रेवाल ने तर्क दिया कि फर्टिलाइजरों पर सब्सिडी घोषित करने का मतलब है कि पंजाब को अपने कुल इस्तेमाल के अनुसार सब्सिडी राशि का प्रतिशत खोना होगा।