Budget 2023: यूनियन बजट में ये मांगे पूरी हुई तो ड्रोन इंडस्ट्री को लगेंगे पंख

Budget 2023: ड्रोन इंडस्ट्री का मानना है कि 1 फरवरी को पेश होने वाले बजट में भी सरकार की तरफ से इसे मदद मिलेगी। ड्रोन इंडस्ट्री (Drone Industry) के लिए पिछला बजट बहुत अच्छा रहा था। फाइनेंस मिनिस्टर निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने ड्रोन शक्ति लॉन्च किया था

अपडेटेड Dec 09, 2022 पर 4:57 PM
ड्रोन इंडस्ट्री के तीन साल में 30,000 करोड़ रुपये का हो जाने की उम्मीद है।

Budget 2023: ड्रोन इंडस्ट्री (Drone Industry) के लिए पिछला बजट बहुत अच्छा रहा था। फाइनेंस मिनिस्टर निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने ड्रोन शक्ति लॉन्च किया था। उन्होंने अपनी बजट स्पीच में कहा था कि इस मिशन के तहत इंडिया 2030 तक ड्रोन का एक हब बनेगा। उन्होंने कहा था कि किसान ड्रोन का इस्तेमाल कृषि क्षेत्र में टेक्नोलॉजी का फायदा पहुंचाने के लिए होगा। एक साल बाद ड्रोन इंडस्ट्री ग्रोथ के रास्ते पर है। इस इंडस्ट्री को सरकार की पॉलिसी का फायदा मिला है। इस इंडस्ट्री में अच्छा निवेश भी देखने को मिला है। ड्रोन इंडस्ट्री का मानना है कि 1 फरवरी को पेश होने वाले बजट में भी सरकार की तरफ से इसे मदद मिलेगी। अगले चरण की ग्रोथ के लिए इस इंडस्ट्री को सरकार की लगातार मदद की जरूरत है।

टैक्स डिडक्शन के नियमों में बदलाव की जरूरत

DroneAcharya Aerial Innovations के मैनेजिंग डायरेक्टर और फाउंडर प्रतीक श्रीवास्तव ने कहा कि सरकार को उस नियम की पात्रता की शर्तों (eligibility criteria) में बदलाव करना चाहिए, जिसके तहत स्टार्टअप्स को लगातार तीन साल के लिए 100 फीसदी टैक्स डिडक्शन का फायदा मिलता है। शुरुआती 10 साल में किसी तीन साल के लिए टैक्स पर 100 फीसदी डिडक्शन की इजाजत होनी चाहिए।


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जीएसटी रेट में कमी लाने से होगा फायदा

श्रीवास्तव ने कहा, "स्टार्टअप्स शुरुआती 10 साल में कोई मुनाफा नहीं कमाते हैं। इंडस्ट्री बॉडी की डिमांड के मुताबिक इस अवधि को बढ़ाकर 15 साल साल करना जरूरी है। तीन साल के बजाय डिडक्शन का लाभ 5 साल के ब्लॉक में दिया जा सकता है।" उन्होंने कहा कि सरकार को स्टार्टअप्स के लिए जीएसटी रेट को भी घटाना चाहिए। उन्होंने कहा, "अभी इंडिया में बनने और बेचे जाने वाले सभी सॉफ्टवेयर प्रोडक्ट्स फुल इनपुट टैक्स क्रेडिट के साथ जीएसटी रेट 18 फीसदी है। देश में सॉफ्टवेयर आईपी बनाने वालों के लिए इस रेट में कमी करने की जरूरत है।"

सर्विस लिंक्ड इनसेंटिव मिलने की उम्मीद

ड्रोन इंडस्ट्री ने बजट में सर्विस लिंक्ड इनसेंटिव मिलने की उम्मीद भी जताई है। इंडिया में करीब 450 ड्रोन सर्विस प्रोवाइडर्स हैं। गरूणा एयरोस्पेस के फाउंडर और सीईओ ने अग्निश्वर जयप्रकाश ने कहा कि अगर इंडिया को ड्रोन का हब बनना है तो इसके लिए इस इंडस्ट्री को सपोर्ट मिलना चाहिए। सर्विस लिंक्ड इनसेंटिव से इंडस्ट्री को फायदा होगा। इससे पहले खबर आई थी कि सरकार ड्रोन सेक्टर के लिए सर्विस-लिंक्ड इनसेंटिव शुरू करने पर विचार कर रही है।

तीन साल में 30,000 करोड़ रुपये की हो जाएगी इंडस्ट्री

नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने सर्विस इंडस्ट्री के रूप में ड्रोन इंडस्ट्री के तीन साल में 30,000 करोड़ रुपये का हो जाने की उम्मीद जताई है। Skye Air Mobility के सीईओ अंकित कुमार ने कहा, "हमें उम्मीद है कि 1 फरवरी को पेश होने वाले बजट में SaaS Startups को इनसेंटिव मिलेगा। SaaS Startups ग्लोबल मार्केट के लिए इंडियन टेक्नोलॉजी तैयार कर रहे हैं। ड्रोन स्पेस में SaaS स्टार्टअप्स को इनसेंटिव मिलने से इस इंडस्ट्री का आकार बढ़कर कई गुना हो जाएगा।"

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