Get App

यूनियन बजट 2022 और एलआईसी आईपीओ नियर टर्म में बाजार के लिए होंगे अहम ट्रिगर - युवराज ठक्कर

2021 में कमोडिटी से जुड़े कई शेयरों में जोरदार तेजी देखने को मिली लेकिन निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि सिक्लिकल स्टॉक में एक्जिट और एंट्री प्वाइंट बहुत अहम रहता है इनको ध्यान में रखकर कमोडिटी आधारित स्टॉक्स पर दांव लगाएं।

MoneyControl Newsअपडेटेड Dec 21, 2021 पर 9:28 AM
यूनियन बजट 2022 और एलआईसी आईपीओ नियर टर्म में बाजार के लिए होंगे अहम ट्रिगर - युवराज ठक्कर
युवराज ठक्कर ने कहा कि यूनियन बजट 2022-23 और एलआईसी का आईपीओ नियर टर्म में बाजार के लिए काफी अहम ट्रिगर का काम करेंगे।

अपने रिकॉर्ड हाई से 8 फीसदी से ज्यादा करेक्शन के बाद बाजार दायरे में कारोबार करता नजर आ रहा है। अब तक आई तेज बढ़ोतरी के बाद अब अगले 3-6 महीनों के दौरान बाजार कंसोलिडेशन मोड में नजर आएगा। यह बातें BP Wealth के मैनेजिंग डायरेक्टर युवराज ठक्कर ने मनीकंट्रोल के साथ हुई अपनी बातचीत में कही।

बाजार के लिए अगले ट्रिगर प्वाइंट क्या होंगे? इस सवाल का जवाब देते हुए युवराज ठक्कर ने कहा कि यूनियन बजट 2022-23 और एलआईसी का आईपीओ नियर टर्म में बाजार के लिए काफी अहम ट्रिगर का काम करेंगे। बाजार पर बात करते हुए उन्होंने आगे कहा कि 2021 में बाजार में काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। इस साल अभी तक हमको काफी मल्टीबैगर स्टॉक देखने को मिले हैं लेकिन बहुत सारे निवेशक ऐसे स्टॉक में फंसे नजर आ रहे हैं जिनकी खरीदारी काफी ऊपरी स्तर पर हो गई थी। ऐसे में निवेशकों को यह बात सीख लेनी चाहिए कि सिर्फ स्टॉक प्राइस के आधार पर बाजार में दांव ना लगाएं बल्कि कोई निवेश निर्णय लेते समय स्टॉक के फंडामेटल और उससे जुड़े कारोबारी जोखिमों पर भी नजर रखें।

उन्होंने इस बातचीत में आगे कहा कि 2021 में कमोडिटी से जुड़े कई शेयरों में जोरदार तेजी देखने को मिली लेकिन निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि सिक्लिकल स्टॉक में एक्जिट और एंट्री प्वाइंट बहुत अहम रहता है इनको ध्यान में रखकर कमोडिटी आधारित स्टॉक्स पर दांव लगाएं।

सिक्लिकल स्टॉक पर दांव लगाते वक्त उस कहावत को ध्यान में रखें जिसमें कहा गया है कि जब कंपनी अपने हिस्टोरिकल लो मार्जिन में हो तब खरीदारी करें और जब कंपनी अपने हिस्टोरियल हाई मार्जिन पर हो तो बिकवाली करें। उन्होंने इस बातचीत में आगे कहा कि भारतीय कंपनियों के लिए लॉन्ग टर्म आउटलुक मजबूत बना हुआ है। अब तक आई तेजी के बाद अगले 3-6 महीनों में बाजार में कंसोलिडेशन देखने को मिलेगा। बाजार में चुनिंदा शेयरों में अच्छे मौके होंगे लेकिन ब्राड बेस मार्केट के साइडवेज बने रहने की संभावना है।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें