Get App

Union Budget 2023 : पूंजीगत खर्च बढ़ाने से ऑटो सेक्टर को भी होगा फायदा, व्हीकल्स पर टैक्स बढ़ने से घटेगी बिक्री, SIAM ने बताई बजट से अपनी उम्मीदें

Union Budget 2023: SIAM के प्रेसिडेंट विनोद अग्रवाल ने कहा कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को अगले यूनियन बजट में ग्रोथ आधारित उपाय करने पर फोकस जारी रखना चाहिए। साथ ही सरकार को गाड़ियों पर टैक्स की दरों को तर्कसंगत बनानी चाहिए

Curated By: Rakesh Ranjanअपडेटेड Dec 21, 2022 पर 1:36 PM
Union Budget 2023 : पूंजीगत खर्च बढ़ाने से ऑटो सेक्टर को भी होगा फायदा, व्हीकल्स पर टैक्स बढ़ने से घटेगी बिक्री, SIAM ने बताई बजट से अपनी उम्मीदें
फाइनेंशियल ईयर 2022-23 में कारों की बिक्री शानदार रही है। हालांकि, टू-व्हीलर्स की बिक्री अब भी 2016-17 से कम है।

Union Budget 2023: फाइनेंस मिनिस्ट्री (Finance Ministry) ने टैक्स और सेस के लिए स्पोर्ट्स यूटिलिटी व्हीकल्स (SUV) की परिभाषा को स्पष्ट किया है। ऑटो इंडस्ट्री ने इसका स्वागत किया है। लेकिन, मारुति सुजुकी (Maruti Suzuki) जैसी बड़ी ऑटो कंपनियों ने इस पर चिंता जताई है। उनका कहना है कि अभी न सिर्फ एसयूवी बल्कि कारों पर भी टैक्स काफी ज्यााद है। लेकिन, कुछ राज्य सरकारें मल्टी यूटिलिटी व्हीकल्स (MUVs) पर ज्यादा टैक्स लगाने की मांग कर रही हैं। इस बारे में सेंट्रल बोर्ड ऑफ इनडायरेक्ट टैक्सेज (CBIC) के चेयरमैन विवेक जौहरी ने कहा कि MUVs पर ज्यादा टैक्स लगाने की राज्यों की मांग पर एक आंतरिक समिति विचार करेगी। यह मांग तब की जा रही है जब फाइनेंशियल ईयर 2022-23 में कारों की बिक्री शानदार रही है। हालांकि, टू-व्हीलर्स की बिक्री अब भी 2016-17 से कम है।

व्हीकल्स पर टैक्स की दरों को तर्कसंगत बनाने की जरूरत

इस बारे में CNBC-TV18 ने SIAM के प्रेसिडेंट विनोद अग्रवाल से आटो सेक्टर की मुश्किलों के बारे में पूछा। उनसे यह भी पूछा कि यूनियन बजट 2023 से ऑटो सेक्टर की क्या-क्या उम्मीदें हैं। उन्होंने कहा कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को अगले यूनियन बजट में ग्रोथ आधारित उपाय करने पर फोकस जारी रखना चाहिए। साथ ही सरकार को गाड़ियों पर टैक्स की दरों को तर्कसंगत बनानी चाहिए। उन्होंने कहा, "हमने सरकार से अगले यूनियन बजट में ग्रोथ पर फोकस के साथ पूंजीगत खर्च बढ़ाने की सलाह दी है। पिछले साल सरकार के पूंजीगत खर्च के लिए 7.5 लाख करोड़ रुपये का टारगेट तय किया था। यह बहुत अच्छा कदम था। हमने सरकार से अगले यूनियट बजट में भी यह एप्रोच जारी रखने की सलाह दी है।" एंट्री-लेवल मोटरसाइकिल और स्कूटर की बिक्री में काफी गिरावट आई है। इसलिए सरकार से ग्रामीण इलाकों के ग्राहकों के लिए कुछ इंनसेंटिव देने की मांग की गई है।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें